जागरूक युवा संगठन और भ्रष्टाचार विरोधी संघर्ष समिति ने दिया धरना

जागरूक युवा संगठन और भ्रष्टाचार विरोधी संघर्ष समिति ने खेरवाड़ा उपखण्ड कार्यालय के बाहर एक दिवसीय धरना देकर उपखण्ड अधिकारी के माध्यम से जिला कलेक्टर को ज्ञापन भेजकर ऋषभदेव व खेरवाड़ा में हुए केटलशेड भ्रष्टाचार से प्रभावित होने वाले 6200 लाभार्थियों को राहत पहुंचाने के लिये जांच की गति तेज करने, सभी पंचायतों में शिघ्र जांच करने, भ्रष्टाचार करने वालों तथा फर्मो के फर्जी बिल बाउचर बनाने वालों व उन्हें पास करने वाले अधिकारियों के विरूद्ध प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तार करने तथा लाभार्थियों के नाम पर पास हुई राशि उन्हें चुकाने की मांग की तथा प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि 15 दिन में उक्त मांगे पूरी नहीं हुई तो 72 पंचायतों के लाभार्थी परिवार सड़कों पर उतरेंगे तथा संघर्ष तेज करेंगे जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन और सरकार की होगी।

 

जागरूक युवा संगठन और भ्रष्टाचार विरोधी संघर्ष समिति ने दिया धरना

जागरूक युवा संगठन और भ्रष्टाचार विरोधी संघर्ष समिति ने खेरवाड़ा उपखण्ड कार्यालय के बाहर एक दिवसीय धरना देकर उपखण्ड अधिकारी के माध्यम से जिला कलेक्टर को ज्ञापन भेजकर ऋषभदेव व खेरवाड़ा में हुए केटलशेड भ्रष्टाचार से प्रभावित होने वाले 6200 लाभार्थियों को राहत पहुंचाने के लिये जांच की गति तेज करने, सभी पंचायतों में शिघ्र जांच करने, भ्रष्टाचार करने वालों तथा फर्मो के फर्जी बिल बाउचर बनाने वालों व उन्हें पास करने वाले अधिकारियों के विरूद्ध प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तार करने तथा लाभार्थियों के नाम पर पास हुई राशि उन्हें चुकाने की मांग की तथा प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि 15 दिन में उक्त मांगे पूरी नहीं हुई तो 72 पंचायतों के लाभार्थी परिवार सड़कों पर उतरेंगे तथा संघर्ष तेज करेंगे जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन और सरकार की होगी।

जागरूक युवा संगठन की विज्ञप्ति में बताया कि खेरवाड़ा और केसरियाजी क्षेत्र में पशूओं के लिये बनाये गये केटलशैड़ व गोट शेड, वर्मी कम्पोस्ट तथा टांका निर्माण कार्य में माल मटेरियल के नाम पर हुए भ्रष्टाचार के विरूद्ध खेरवाड़ा की सून्दरा, पहाड़ा, सरेरा, डेयरी व ऋषभदेव की सोमावत पंचायतों के लाभार्थियों द्वारा कलेक्टर साहिबा को समय-समय पर ज्ञापन देकर कार्यवाही करने की मांग की गई है जिसमें से सुन्दरा पंचायत में जांच कर रिकवरी भी निकाली गई है तथा चार कर्मचारियों के विरूद्ध कार्यवाही भी की गई है पर क्षेत्र की सभी पंचायतों में इसी प्रकार का भ्रष्टाचार व्याप्त है तथा विकास के नाम पर बनी योजना का भट्टा बैठ गया है।

प्रातः 11 बजे से ही उपखण्ड कार्यालय के बाहर धरना प्रारंभ हो गया और विभिन्न पंचायतों के प्रतिनिधी धरनास्थल पर पहुंचकर नारेबाजी करने लगे। धरनास्थल पर भ्रष्टाचार विरोधी संघर्ष समिति के हरीश भगोरा ने सभा की शुरूआत की। उसके बाद पहाड़ा के अरविन्द गरासिया, मालीफला के लक्ष्मण भगोरा, महुवाल के विरेन्द्र बोड़ात, शान्तिलाल बोड़ात, बलीचा के शिला व मनीषा, पाटिया के जगदीश, गुडा की रमिला देवी व सुरता, डेयरी के कन्हैयालाल, हर्षावाड़ा के प्रकाश, नयागांव के विजय डामोर तथा जवास जोंथरी से लालसिंह रेलोत, सोमेश्वर खराड़ी तथा बिलख एवं सोगावत के शान्तिलाल ने विचार व्यक्त किये और अपनी अपनी पंचायतों में हुए लाखों के घोटाले के बारे में जानकारी दी।

वहीं विद्यार्थी संघर्ष समिति के प्रवीण अहारी, मजदूर हक संगठन के इलियास मकरानी, जनवादी मजदूर यूनियन के जयन्तीलाल भगोरा, जागरूक युवा संगठन के अध्यक्ष प्रभुलाल खराड़ी तथा सामाजिक कार्यकर्ता व भ्रष्टाचार विरोधी संघर्ष समिति के नरेश बोडात ने भी आंदोलन को समर्थन दिया। सभा का संचालन मोहन डामोर ने किया तथा अध्यक्षता सागरचंद जी फौजी ने की।

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उपखण्ड कार्यालय के बाहर धरना और नारेबाजी चलती रही वहीं एक के बाद एक पंचायत के प्रतिनिधिमण्डल ने लाभार्थियों के हस्ताक्षर वाले ज्ञापन उपखण्ड अणिकारी को सौंपे तथा समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की। अन्त में जागरूक युवा संगठन तथा भ्रष्टाचार विरोधी संघर्ष समिति का प्रतिनिधिमण्डल उपखण्ड अधिकारी से मिला तथा उन्हें भ्रष्टाचार के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए अवगत कराया कि हर लाभार्थी के 35 हजार रुपये से लेकर 40 हजार तक की राशि हड़प करे 21 करोड़ से ज्यादा का घोटाला किया है। वहीं संगठन के अध्यक्ष प्रभुलाल खराड़ी ने 15 दिन में कार्यवाही नहीं करने पर सड़कों पर उतरने की चेतावनी दी। उपखण्ड अधिकारी महोदय ने बताया कि ये मामले की तकनीकी आधार पर जांच होगी पर मेरे स्तर पर भी कार्यवाही की जाएगी।

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