एआईक्यू मेंटेन रहे, प्रदूषण के मामलों में सख्त कार्यवाही जरूरी - कलक्टर


एआईक्यू मेंटेन रहे, प्रदूषण के मामलों में सख्त कार्यवाही जरूरी - कलक्टर

जिला पर्यावरण समिति की बैठक संपन्न

 
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उदयपुर, 24 मई 2022 । जिला कलक्टर ताराचंद मीणा ने कहा है कि पर्यावरण प्रदूषण के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए कानूनी प्रावधानों को देखते हुए समस्त संबंधित विभागीय अधिकारियों की जिम्मेदारी है कि वे इनका उपयोग करें और प्रदूषण के मामलों में सख्त कार्यवाही करें। कलक्टर मीणा मंगलवार को जिला पर्यावरण समिति की अध्यक्षता करते हुए संबोधित कर रहे थे।

इस दौरान उन्होंने पर्यावरण को प्रदूषण से बचाने और इसके उल्लंघन पर की गई कार्यवाही के बारे में संबंधित विभागीय अधिकारियों से जानकारी ली और अपने-अपने क्षेत्र में हो रहे प्रदूषण के बारे में संबंधित विभागों को जानकारी देने के निर्देश दिए। उन्होंने एक जुलाई से सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग पर प्रतिबंध की अनुपालना और इसके प्रयोग पर की जाने वाली कार्यवाही के बारे में भी अधिकारियों को जागरूकता फैलाने के निर्देश दिए।

बैठक के दौरान उप वन संरक्षक (वन्यजीव) डॉ. अजीत उंचोई ने सज्जनगढ़ अभयारण्य के बाहर गोरिल्ला से बड़ी के बीच बायोमेडिकल वेस्ट डंप करने व इसे जलाने से वन्यजीवों को हो रहे नुकसान की जानकारी दी और कार्यवाही का आग्रह किया।  

एआईक्यू मेंटेन रहे

बैठक के दौरान कलक्टर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के संभागीय अधिकारी शरद सक्सेना से उदयपुर के  एयर क्वालिटी इंडेक्स के बारे में जानकारी ली तो उन्होंने बताया कि वर्तमान में यह 130 है जो कि सामान्य स्थिति में है। कलक्टर ने प्रायोगिक तौर पर शहर के प्रदूषण वाले इलाकों में एक दिन के लिए वाहनों की आवाजाही को रोककर इसके प्रभाव का अध्ययन करने का भी सुझाव दिया।

कचरे को जलाना गलत

बैठक के दौरान कलक्टर ने बलीचा स्थित डंपिंग यार्ड में कुछ लोगों द्वारा कचरे को जलाए जाने के प्रकरण की जानकारी निगम के अधिकारियों को दी और निर्देश दिए कि कचरा जलाने वालों के विरूद्ध कार्यवाही करें। उन्होंने शहर में भी विभिन्न गार्डन्स व अन्य सार्वजनिक स्थानों पर कचरा जलाने को गलत बताया और इससे होने वाले प्रदूषण को रोकने के निर्देश दिए।

डंपिंग यार्ड के लिए जगह तलाशों

बैठक में कलक्टर ने मार्बल इकाइयों से निकलने वाली मार्बल स्लरी के निस्तारण के संबंध में जानकारी ली। इस दौरान उद्योग विभाग की महाप्रबंधक मंजू माली ने बताया कि जिलेभर की स्लरी के निस्तारण के लिए गोगुंदा में डंपिंग यार्ड बनाया गया है। कलक्टर ने एकमात्र डंपिंग यार्ड की स्थिति पर यूआईटी को निर्देश दिए कि औद्योगिक अपशिष्टों के निस्तारण के लिए डंपिंग यार्ड के लिए भूमि का चिह्नीकरण करें।  

बैठक में एसीएफ डी.के.तिवारी ने बैठक एजेंडा प्रस्तुत किया। इस दौरान जिला परिषद सीईओ मयंक मनीष, अतिरिक्त कलक्टर (शहर) प्रभा गौतम, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के शरद सक्सेना व पायल पंचोली, एसीएफ के.एल.शर्मा सहित समस्त संबंधित विभागीय अधिकारी मौजूद थे।    

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