विधानसभा उपचुनाव 2021- स्वतंत्र व निष्पक्ष चुनाव के लिए निर्वाचन विभाग ने कसी कमर

विभिन्न विभागों के नोडल अधिकारियों की बैठक में मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने दिए निर्देश

 | 
election
संदेहास्पद लेन-देन, वितरण और अवैध शराब पर रखी जाए कड़ी नजर, ताकि स्वतंत्र-निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव हो सके

उदयपुर। मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रवीण गुप्ता ने कहा कि प्रदेश के वल्लभनगर एवं धरियावद विधानसभा क्षेत्रों में होने वाले उपचुनावों के दौरान आबकारी, पुलिस, आयकर, नारकोटिक्स व अन्य विभाग ऐसे समन्वय के साथ काम करें कि उप चुनाव में किसी भी तरह की संदेहास्पद गतिविधि को रोका जा सके। वे गुरुवार को सचिवालय में आयोजित विभिन्न विभागों के नोडल अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि चुनाव में नगद राशि और शराब के दुरुपयोग की आशंका सर्वाधिक रहती है, ऐसेे में न केवल संदेहास्पद धन राशि पर कड़ी नजर रखी जाए बल्कि शराब के वितरण, स्टॉक पर भी निगरानी रखें।

गुप्ता ने सीमावर्ती राज्यों से आने वाली अवैध शराब पर निगरानी रखने, अवैध वितरण पर प्रभावी नियंत्रण एवं इनकी जब्ती की कार्यवाही करने के निर्देश दिए। साथ ही शराब की दुकानों पर होने वाले बिक्री पर भी कड़ी नजर रखने, शराब बिक्री का बिल देकर ग्राहक का नाम, मोबाइल नंबर रखने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मतदान के अंतिम 72 घंटों के लिए विशेष कार्य योजना का निर्माण करें ताकि शराब के अवैध वितरण पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके।

उन्होंने उपचुनाव वाले क्षेत्रों में 28 से 30 अक्टूबर तक तथा मतगणना दिवस 2 नवम्बर को घोषित सूखा दिवस की कठोरता से पालना सुनिश्चित करवाने सम्बंधी निर्देश भी दिये। उन्होंने पुलिस विभाग से आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के मामलों में भी त्वरित कार्यवाही करने, अवैध हथियार, मदिरा एवं वाहनों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही करने, एसीबी नारकोटिक्स व आयकर टीमों को सहयोग करने के निर्देश दिए।

उन्होंने आयकर विभाग के नोडल अधिकारियों को एसएसटी (स्टेटिक सर्विलांस टीम) व एफएसटी (फ्लाइंग स्क्वायड टीम) द्वारा 10 लाख से अधिक धनराशि जब्त होने पर तुरंत कार्यवाही करने, चिन्हित किए गए संवेदनशील क्षेत्रों एवं व्यय संवेदनशील पॉकेट्स पर कड़ी निगरानी रखने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आयकर विभाग में किसी भी सूचना प्राप्त होने पर स्वतः प्रभावी कार्यवाही करना सुनिश्चित करें।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने वाणिज्य कर विभाग को निर्देश दिए कि वे सभी संबंधित जिलों में नियंत्रण कक्ष की स्थापना कर उसके टोल फ्री नंबर को सार्वजनिक करें। साथ ही जिला स्तर पर विभागीय मोबाइल दल बनाएं। उन्होंने नारकोटिक्स विभाग के अधिकारियों को जिला स्तर पर दलों के गठन, मादक पदार्थों के उत्पादन क्षेत्रों पर निगरानी रखने, किसी भी जब्ती की सूचना तुरंत देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पूर्व के प्रकरणों के आधार पर ऐसे क्षेत्रों की पहचान भी की जाए जहां अवैध गतिविधियों के अधिक होने की आशंका हो।

Follow UdaipurTimes on Facebook , Instagram , and Google News