हिन्दुस्तान जिंक द्वारा 180 जीईटी का काॅन्वोक्शन कार्यक्रम

हिन्दुस्तान जिंक द्वारा 180 जीईटी का काॅन्वोक्शन कार्यक्रम

वेदान्ता समूह की कंपनी जस्ता-सीसा एवं चांदी उत्पादक कंपनी हिन्दुस्तान जिंक के प्रधान कार्यालय में नवनियुक्त ग्रेजुएट इंजीनियर ट्रेनिज (जीईटी) को एक वर्ष की ट्रेनिंग में प्राप्त नाॅलेज से उत्साह, लगन एवं मेहनत से लक्ष्यों को प्राप्त करना है। सभी नवनियुक्त जीईटीज को उदयपुर में स्थित सिंघानिया इंस्टीटयूट में 45 दिन का प्रशिक्षण दिया गया है। प्रशिक्षण में योग, खेल एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण भी शामिल है।

 
हिन्दुस्तान जिंक द्वारा 180 जीईटी का काॅन्वोक्शन कार्यक्रम

हिन्दुस्तान जिंक विश्व की प्रतिष्ठित माईनिंग कम्पनी है एवं इसमें एक बेस्ट इंजीनियर बनने के साथ ही एक बेस्ट इनोवेटिव टेक्नोलाॅजी के लिये भी बेहतर अवसर है, ये बात हिन्दुस्तान जिंक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री सुनील दुग्गल ने हिन्दुस्तान जिंक द्वारा नवनियुक्त जीईटी के काॅन्वोक्शन कार्यक्रम के आयोजन पर कही। उन्होंने कहा कि हिन्दुस्तान जिंक विश्व की बेस्ट माईनिंग टेक्नोलाॅजी, इनोवेटिव, डिजिटाईजेशन तथा ग्रोईंग कंपनी के साथ-साथ इसमें डायनमिक क्लचर है। नवनियुक्त इंजीनियर्स को हिन्दुस्तान जिंक जैसी स्वतंत्रा कहीं भी नहीं मिलेगी। श्री दुग्गल ने कहा कि हिन्दुस्तान जिंक को विश्व की सर्वश्रेष्ठ माईनिंग एवं तकनीकी कम्पनी बनाना ही हम सब का लक्ष्य होना चाहिये। उन्होंने नवनियुक्त इंजीनियरों से आव्हान किया कि वे विश्वस्तरीय तकनीक से परिचित होकर हिन्दुस्तान ज़िंक में उसे अपनाएं।

वेदान्ता समूह की कंपनी जस्ता-सीसा एवं चांदी उत्पादक कंपनी हिन्दुस्तान जिंक के प्रधान कार्यालय में नवनियुक्त ग्रेजुएट इंजीनियर ट्रेनिज (जीईटी) को एक वर्ष की ट्रेनिंग में प्राप्त नाॅलेज से उत्साह, लगन एवं मेहनत से लक्ष्यों को प्राप्त करना है। सभी नवनियुक्त जीईटीज को उदयपुर में स्थित सिंघानिया इंस्टीटयूट में 45 दिन का प्रशिक्षण दिया गया है। प्रशिक्षण में योग, खेल एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण भी शामिल है।

प्रारंभ में इन इंजीनियर्स को चंदेरिया स्मेल्टिंग काॅम्पलेक्स में मानव संसाधन, वित्त, विपणन, खनन और प्रचालन क्षेत्रों में प्रशिक्षण दिया गया। इसके अतिरिक्त हिन्दुस्तान ज़िंक की सभी इकाईयों में कार्य का प्रशिक्षण दिया गया। इन सभी जीईटीज का साप्ताहिक परीक्षणों और त्रैमासिक योग्यता के आधार पर डिजिटल मूल्यांकन एसेसमेंट के माध्यम से इनका मूल्यांकन किया गया एवं काॅन्वोक्शन कार्यक्रम के दौरान श्रेष्ठ 15 परफोरमर्स को प्रमाण पत्र एवं पदक प्रदान किये गये।

इस अवसर पर जीईटी साहिली राण्डे, मेटलर्जीकल इंजीनियर ने अपने अनुभव शेयर करते हुए कहा कि इस ट्रेनिंग के दौरान सभी लोकेशन्स पर अच्छे टीचर्स, गाईड एवं वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में बहुत कुछ सिखने को मिला जो कि खनन क्षेत्र में कार्य करने के लिए हमेशा उपयोगी होगा। माईनिंग इंजीनियर हिमांशु जैन ने भी कहा कि हिन्दुस्तान जिंक में न सिर्फ तकनीकी ज्ञान बल्कि व्यावहारिक ज्ञान भी सीखने को मिला जो कि महत्वपूर्ण है।

इस अवसर पर हिन्दुस्तान जिंक के मुख्य प्रचालन अधिकारी-खनन, श्री एल.एस. शेखावत ने नवनियुक्त इंजीनियरों को अपने संबोधन में प्रोत्साहित करते हुए कहा कि सभी को वर्क कल्चर एवं वर्क एनवायरमेंट के अनुसार ढलकर अपने लक्ष्य को प्राप्त करना है। कार्यक्रम में मुख्य टेक्नोलाॅजी एण्ड इनोवेशन आॅफिसर-श्री बरून गोरेन, सीएसआर-हेड श्रीमती नीलिमा खेतान, हेड-डिप्टी एच.आर-श्रीमती जयता राॅय, हेड-कार्पोरेट रिलेशन्स, श्री पी.के. जैन एवं कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के प्रारंभ में हेड-एच.आर श्री संजय शर्मा ने काॅन्वोक्शन के बारे में संक्षिप्त जानकारी दी एवं नवनियुक्त इंजीनियरर्स को प्रोफेशनल जीवन में सफलता के लिए शुभकामनाएं दी।

हिन्दुस्तान जिंक के हेड कार्पोरेट कम्यूनिकेशन पवन कौशिक ने बताया कि एक वर्ष के इंडक्शन कार्यक्रम से सभी नवनियुक्त इंजीनियर्स को हिन्दुस्तान जिंक के सभी विभागों से जुडने का मौका मिला है। साथ ही इन जीईटीज को इंडक्शन कार्यक्रम से खनन उद्योग को समझने एवं बेस्ट टेक्नोलाॅजी से लाभान्वित हुए है। निष्चित रूप से एक वर्षीय फाउण्डेशन कार्यक्रम से जीईटी की कार्य प्रणाली में महत्वपूर्ण गुणवत्ता आएगी।

कार्यक्रम के अंत में एच.आर. अधिकारी श्रीमती रिज़वाना सुल्तान ने सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का संचालन नवनियुक्त इंजीनियर अक्षरा एवं शुभम ने किया।

To join us on Facebook Click Here and Subscribe to UdaipurTimes Broadcast channels on   GoogleNews |  Telegram |  Signal