उदयपुर के 9 युवाओं के बिजनेस आइडियाज प्रदेश के टॉप-100 में, सरकार दिलाएगी कैलिफोर्निया में ट्रेनिंग
उदयपुर के टेक्नो एनजेआर कॉलेज के 9 युवाओ के बिजनेस आइडियाज प्रदेश के टॉप-100 में चयन किये गए है। युवा बिजनेस आइडियाज को इंटरनेशनल एक्सपोजर देने के लिए प्रदेश सरकार राजस्थान के टॉप-100 इंजीनियर्स को सिलिकॉन वैली, कैलिफोर्निया ले जाएगी। टेक्नो कॉलेज के तीन अलग-अलग बैच से कुल 9 छात्र सिलिकॉन वैली जाएंगे। इसमें सैकंड ईयर कम्प्यूटर साइंस ब्रांच से हर्षित कवाड़िया, प्राची पंवार और रिशिका जैन, थर्ड ईयर कम्प्यूटर साइंस से शैवी कुमावत, मोहित चुघ, फाइनल ईयर इलेक्ट्रोनिक्स एंड कम्यूनिकेशन से कुलुसम दिलावर, कृतिका कुमावत, रोशनी मेहता और ऋत्विक दवे को चुना गया है।
उदयपुर के टेक्नो एनजेआर कॉलेज के 9 युवाओ के बिजनेस आइडियाज प्रदेश के टॉप-100 में चयन किये गए है। युवा बिजनेस आइडियाज को इंटरनेशनल एक्सपोजर देने के लिए प्रदेश सरकार राजस्थान के टॉप-100 इंजीनियर्स को सिलिकॉन वैली, कैलिफोर्निया ले जाएगी। जयपुर में पिछले साल मार्च में हुए डीजी फेस्ट में शामिल इंजीनियरों में से ही टॉप-100 यूनिक बिजनेस आइडिया वाले युवाओं का चयन किया गया है।
चयनित छात्र 30 जुलाई को सिलिकॉन वैली, कैलिफोर्निया(अमेरिका) के लिए रवाना होंगे जहां सरकार के स्टूडेंट स्टार्टअप एक्सपोजर प्रोग्राम के तहत 14 दिन की ट्रेनिंग दी जाएगी। 100 युवाओं के साथ डीआेआईटी विभाग के 15 अधिकारी भी जाएंगे। ट्रेनिंग लेकर छात्रों का दल 14 अगस्त को भारत वापस आएगा। डीजी फेस्ट में हुई हैकॉथॉन में 16 हजार इंजीनियर्स ने देश की समस्याओं को लेकर यूनिक आइडियाज से समाधान करने पर काम किया था।
टेक्नो कॉलेज के तीन अलग-अलग बैच से कुल 9 छात्र सिलिकॉन वैली जाएंगे। इसमें सैकंड ईयर कम्प्यूटर साइंस ब्रांच से हर्षित कवाड़िया, प्राची पंवार और रिशिका जैन, थर्ड ईयर कम्प्यूटर साइंस से शैवी कुमावत, मोहित चुघ, फाइनल ईयर इलेक्ट्रोनिक्स एंड कम्यूनिकेशन से कुलुसम दिलावर, कृतिका कुमावत, रोशनी मेहता और ऋत्विक दवे को चुना गया है। टेक्नो कॉलेज के निदेशक प्रो. आर एस व्यास ने बताया कि उदयपुर से 9 युवाओं का चयन होना शहर के लिए गर्व की बात है।
प्रोजेक्ट: स्मार्ट असिस्टेंट
रिशिका जैन, प्राची पंवार और हर्षित कावड़िया की टीम ने स्मार्ट असिस्टेंट एप तैयार किया है जो वॉयस कमांड पर चलता है और वॉयस को पढ़कर कोई भी काम कर सकता है। साथ ही कई भाषाओ में बात भी कर सकता है। वहीँ यह स्मार्ट असिस्टेंट मौसम की जानकारी भी दे सकता है।
प्रोजेक्ट: लेक मॉनिटरिंग सिस्टम
कुलसुम दिलावर, कृतिका कुमावत, रौशनी मेहता और ऋत्विक दवे की टीम ने झील और पानी की क्वालिटी को बिना सैंपल लिए मापने का तरीका इस सिस्टम में विकसित किया गया है। इससे पानी की क्वालिटी को समझा जा सकता है।
प्रोजेक्ट: डिजिटल विजिटिंग कार्ड
शैवी कुमावत और मोहित चुघ की टीम ने डिजिटल विजिटिंग कार्ड का कांसेप्ट विकसित किया है। इसकी मदद से फिजिकल बिज़नेस कार्ड को डिजिटल बनाया जा सकता है। साथ ही इसे डिजिटल मोड से किसी को भी शेयर किया जा सकता है।
