बालश्रम मुक्त उदयपुर अभियान के अन्तिम दिन 14 बच्चो को बालश्रम में मुक्त करवाया, कुल 91 बच्चे सप्ताह में हुए मुक्त

बालश्रम मुक्त उदयपुर अभियान के अन्तिम दिन 14 बच्चो को बालश्रम में मुक्त करवाया, कुल 91 बच्चे सप्ताह में हुए मुक्त

बालश्रम मुक्त उदयपुर के तहत रेस्क्यू सप्ताह सम्पन्न, आगे भी प्रशासन बालश्रम की करेगा ट्रेकिंग

 
child labor
जिला प्रशासन एवं पुलिस की और से किया जा रहा प्रयास सराहनीय, आगे भी ट्रैकिंग नियमित हो - डॉ-पण्ड्या

उदयपुर 20 जून 2022। बालश्रम मुक्त उदयपुर अभियान के तहत जिला प्रशासन, पुलिस विभाग, बाल कल्याण समिति, चाइल्ड लाइन, कैलाश सत्यार्थी चिल्ड्रन फाउण्डेशन सहित स्थानीय स्वयं सेवी सस्थाओ की सराहनिय भूमिका रही है। अभियान के तहत रेस्क्यु सप्ताह का यह समापन हो सकता है परन्तु उदयपुर को बाल मित्र जिला बानने की यह अच्छी शुरूआत है। आगे भी नियमित रूप से सम्बन्धित पुलिस थाने के बाल कल्याण पुलिस अधिकारी यह ट्रेक करे की उनके क्षैत्र में आने वाले कार्यस्थलो पर बालश्रम नही होता हो। 

13 जून से शुरू हुए रेस्क्यु अभियान में आज दिनांक तक कूल 91 बच्चो को रेस्क्यु किया गया जिसमें 81 बच्चे बालश्रम एवं 10 बच्चे भिक्षावृति के कार्यो में संलग्न पाए गए साथ ही नियोक्ताओ के खिलाफ कार्यवाही से पुरे उदयपुर में वातावरण निर्माण हुआ है। 

राजस्थान राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग, राजस्थान सरकार के सदस्य एवं बालश्रम प्रकोष्ठ प्रभारी डॉ. शैलेन्द्र पण्ड्या ने राष्ट्रिय बाल अधिकार संरक्षण आयोग, भारत सरकार के निर्देशन में जिला प्रशासन द्वारा संचालित ‘‘बालश्रम मुक्त उदयपुर‘‘ अभियान के तहत 13 से 20 जून 2022 तक चल रहे रेस्क्यु सप्ताह के समापन के अवसर पर हाथीपोल पुलिस थाना में मिडिया को सम्बोधित करते हुए व्यक्त किए कहा की डॉ शैलेंद्र पंड्या ने सभी आमजन का इस अभियान में सहयोग हेतु आभार एवं आगे भी कही बालश्रम होता देखे तो तुरन्त चाइल्ड हेल्प लाइन 1098 पर सुचित करे। 

अभियान की नोडल अधिकारी एवं सहायक निदेशक बाल अधिकारिता विभाग मीना शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि आज रेस्क्यु सप्ताह के अन्तिम दिवस पर हाथीपोल एवं भोपालपुरा थाना क्षेत्र में कुल 14 बाल श्रमिको को मुक्त करवाया गया जिसमें कुल 10 नियोक्ताओ के खिलाफ कार्यवाही होगी।

बाल कल्याण समिति, उदयपुर के अध्यक्ष ध्रुव कुमार कवीया ने जानकारी देते हुए बताया कि इस पूरे सप्ताह में सरकारी एवं स्वयं सेवी संस्थाओ की सामूहिक रूप से काफी अच्छी भागीदारी रही। अब हम सभी मिलकर रेस्क्यु करवाए बच्चो के बेहतर पूर्नवास का कार्य करेगे।

सम्भागिय श्रम आयुक्त पी. पी. शर्मा ने बताया कि पुलिस, बाल कल्याण समिति एवं श्रम विभाग तीनो ही स्तर पर बच्चो के बयान लिए जा रहे है। यदि बच्चो के साथ और भी किसी प्रकार के शोषण की बात सामने आई तो कार्यवाही को उसके अनुरूप सख्त किया जाएगा।

अभियान में सक्रिय रूप से बाल अधिकारिता विभाग, मानव तस्करी विरोधी युनिट, बाल कल्याण समिति, बाल कल्याण पुलिस अधिकारी, श्रम विभाग, चालल्ड लाइन, कैलाश सत्यार्थी चिल्ड्रन फाउण्डेशन, गायत्री सेवा संस्थान, बाल सुरक्षा नेटर्वक, स्वतन्त्रता सेनानी वी. पी. सिंह संस्था, नारायण सेवा संस्थान, मनु सेवा संस्थान,  श्री आसरा विकास संस्थान, समाज सेवी अमित राव, नितिन आर्य सहित स्थानीय स्वयं सेवी संस्थाओ की अहम भूमिका रही। 
जल्द ही आयोग एवं जिला प्रशासन द्वारा सराहनिय कार्य के लिए 10 चयनित लोगो का सम्मान किया जाएगा।

To join us on Facebook Click Here and Subscribe to UdaipurTimes Broadcast channels on   GoogleNews |  Telegram |  Signal