सर्दियों में और भी कहर बरपा सकता है कोरोना


सर्दियों में और भी कहर बरपा सकता है कोरोना 

किन बातों को लेकर दे ध्यान

 
सर्दियों में और भी कहर बरपा सकता है कोरोना
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अगस्त माह के अंत तक कोरोना के 1304 मामले थे वहीँ आज 9 अक्टूबर तक यह बढ़ कर 5446 तक जा पहुंचा है।

उदयपुर।  वैश्विक महामारी कोरोना संक्रमण का खतरा लगातार बढ़ता नजर आ रहा है। अब जबकि मौसम में बदलाव आ रहा है और आने वाले दिनों में सर्दियों का मौसम आने वाला है।  इस मौसम में कोरोना को लेकर खतरा और बढ़ सकता है। 

क्या कुछ खास बातें ध्यान में रखी जाए उसको लेकर हमने डॉ मंसूर अल्वी से बात की तो उन्होने बताया कि ठंड़ के मौसम में सावधान रहना बहुत जरुरी है.. ठंड़ के मौसम में वैसे भी रेस्पिरेटरी (सांस सबंधी) वायरस का सीजन होता है। अस्थमा या दमा के मरीज़ो को विशेष तौर पर संभल कर रहना चाहिए। ऐसे मामले में वृद्धि देखी जा सकती है। संक्रमण पर मिले आकड़े बताते है कि इंन्फुएंजा जैसी बीमारी भारत में दो मौसमों में देखने को मिलती है एक मानसून सीजन में दूसरा सर्दियों में। 

ऐसे में उन्होने कहा कि इस संक्रमण से बचने के लिए 3 बातों का पर ध्यान देना जरुरी है..मास्क, सोशल डिस्टेसिंग और हेन्ड हाइजीन। डॉ कहते कि इन तीनों नियम का पालन करले तो कोरोना के मामले 30 से 40 फीसदी कम हो सकते है। 

वहीं त्यौहार के सीजन में भीड़ बढ़ने के ज्यादा चांस होते है इसलिए इस साल त्यौहार मनाते समय सभी बातों का ध्यान रखें। अधिक भीड़ होने से संक्रमण एक-दूसरे में तेज़ी से फैल सकता है। 

उन्होने बताया कि प्रदूषण के लेवल में थोड़ी बहुत बढ़ोतरी भी होने से कोरोना वायरस के मामले भी बढ़ेगे। वायु प्रदूषण से फेफड़ो में सूजन आती है ऐसे समय में गंभीर संक्रमण होने की समस्या बनी रहती है। जिसका बच्चो और बुज़र्ग़ो पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।  

उल्लेखनीय है की उदयपुर में कोरोना के आंकड़ों में लगातार वृद्धि देखी जा सकती है। अगस्त माह के अंत तक कोरोना के 1304 मामले थे वहीँ आज 9 अक्टूबर तक यह बढ़ कर 5446 तक जा पहुंचा है।  वहीँ कोरोना से लगातार मौत का आंकड़ा भी बढ़ता जा रहा है। आने वाले दिनों में सर्दी का मौसम और बड़े त्यौहारों के मद्देनज़र काफी संवेनदशील हो सकते है।       

Article By Alfiya Khan
 

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