उदयपुर में कहीं बंद पेंशन फिर शुरू, कहीं वर्षो बाद 26 परिवारों को मिले आवासीय पट्टे
ग्रामीण सेवा शिविर-2026 बना ग्रामीणों के लिए वरदान
Udaipur Times, Udaipur News: 14 जुलाई 2026। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी पहल ग्रामीण सेवा शिविर क्रमबद्ध रूप से जिले की हर ग्राम पंचायत में आयोजित हो रहे हैं और हाथोंहाथ त्वरित राहत का पर्याय साबित हो रहे हैं।
जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल ने बताया कि सोमवार को बारापाल तहसील की ग्राम पंचायत पडूणा, जाबला, कुराबड की जगत और वसु, बड़गांव की बेदला खुर्द, मावली की बडीयार, घासा की थामला, वल्लभनगर की दरोली, भिंडर की सिंहाड़, गोगुंदा की कुकड़ाखेड़ा और पडावली कलां, सायरा की पानेर और ढूंढी, फलासिया की उपला आमडा और पानरवा, खेरवाड़ा की जवास और बंजारिया, नयागांव की गुड़ा और देमत, ऋषभदेव की मसारो की ओबरी और घोड़ी, कोटड़ा की देहरी, झेड, मेवाड़ों का मठ में सेवा शिविर आयोजित हुए।
इस क्रम में पंचायत समिति खेरवाड़ा की ग्राम पंचायत जवास में आयोजित शिविर ग्रामीणों के लिए राहत और खुशियां लेकर आया। शिविर में सामाजिक सुरक्षा, आवास, कृषि सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं का लाभ मौके पर ही पात्र हितग्राहियों को उपलब्ध कराया गया। शिविर के दौरान वर्षों से बंद पड़ी सामाजिक सुरक्षा पेंशन का त्वरित सत्यापन कर तीन पात्र लाभार्थियों की पेंशन पुनः प्रारंभ करवाई गई। समाज कल्याण विभाग के समन्वय से अमरी देवी की एक वर्ष से बंद, मंशाराम की तीन वर्ष से बंद तथा फरीदा की छह माह से बंद पेंशन मौके पर ही पुनः चालू करवाई गई। लाभार्थियों ने राज्य सरकार एवं जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब उन्हें नियमित सामाजिक सुरक्षा पेंशन का लाभ मिल सकेगा।
इसी प्रकार वर्षों से आवासीय पट्टे की प्रतीक्षा कर रहे ग्रामीणों के चेहरों पर भी मुस्कान लौट आई। शिविर में त्वरित कार्रवाई करते हुए 26 पात्र लाभार्थियों को आवासीय पट्टों का वितरण किया गया। ग्रामीणों ने बताया कि लंबे समय से चली आ रही उनकी समस्या का समाधान एक ही दिन में हो गया, जिससे अब वे अपने आवास का सपना साकार कर सकेंगे।
नयागांव तहसील की ग्राम पंचायत गुड़ा में कृषि विभाग ने किसानों को राहत प्रदान करते हुए पात्र लघु एवं सीमांत किसानों को राज सीड्स के उन्नत मक्का मिनीकिट निःशुल्क वितरित किए। उन्नत बीज उपलब्ध होने से किसानों को गुणवत्तापूर्ण खेती और बेहतर उत्पादन की उम्मीद जगी है, वहीं उनकी प्रारंभिक कृषि लागत में भी कमी आएगी। शिविर में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने आमजन की समस्याओं का मौके पर ही समाधान करते हुए आवश्यक प्रमाण-पत्र, स्वीकृतियां एवं अन्य योजनाओं का लाभ भी उपलब्ध कराया।
