Udaipur Times, Udaipur Election 2026: उदयपुर नगर निगम के 80 वार्डों सहित नगरपालिका मावली एवं कानोड़ के 20-20 वार्डों के लिए मतदान हुआ। शाम 6 बजे तक कानोड़ में 82.53 प्रतिशत, मावली में 88.39 प्रतिशत तथा उदयपुर शहर में 67.26 प्रतिशत मतदान दर्ज हुआ।

सुबह से ही मतदान केन्द्रों पर मतदाताओं की रेलमपेल शुरू हो गई। युवा, महिलाएं, बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं ने भी लोकतंत्र के इस महापर्व में उत्साहपूर्वक भागीदारी निभाई। नगरीय चुनाव के दूसरे चरण में जिले में औसतन 79 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ।

द्वितीय चरण के मतदान में उदयपुर नगर निगम के 220 प्रत्याशियों सहित कुल 331 प्रत्याशियों के राजनीतिक भविष्य का फैसला ईवीएम में कैद हो गया। मतदान के लिए उदयपुर शहर में 410 तथा मावली और कानोड़ में 20-20 मतदान केन्द्र स्थापित किए गए थे। मतदान केन्द्रों पर सुरक्षा एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गईं। उदयपुर नगर निगम क्षेत्र में कुल 4 लाख 16 हजार 143 मतदाता पंजीकृत हैं। वहीं नगरपालिका मावली में 8 हजार 198 और कानोड़ में 9 हजार 395 मतदाता अपने मताधिकार के लिए पंजीकृत हैं।

मावली-कानोड़ में सुबह से तेजी
मावली और कानोड़ नगरपालिका क्षेत्रों में मतदान की शुरुआत के साथ ही मतदाताओं में खासा उत्साह नजर आया। हालांकि उदयपुर शहर में मतदान की शुरूआत धीमी रही, लेकिन दिन चढ़ने के बाद बूथों पर रेलमपेल बढ़ती गई। प्रातः 10 बजे तक उदयपुर नगर निगम में 12.06 प्रतिशत मतदान हुआ, जबकि कानोड़ नगरपालिका में 28.86 प्रतिशत और मावली में 37.33 प्रतिशत मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर चुके थे। इसके बाद मतदान की गति और तेज हुई। दोपहर 1 बजे तक उदयपुर नगर निगम में 39.21 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, वहीं कानोड़ में 56.24 प्रतिशत और मावली में 67.57 प्रतिशत मतदान हो चुका था। अपराह्न 3 बजे तक कानोड़ में 70.16 प्रतिशत, मावली में 79.48 प्रतिशत तथा उदयपुर नगर निगम क्षेत्र में 52.13 प्रतिशत मतदान हुआ। वहीं शाम 6 बजे तक कानोड़ में 82.53 प्रतिशत, मावली में 88.39 प्रतिशत तथा उदयपुर शहर में 67.26 प्रतिशत मतदान दर्ज हुआ।

कलक्टर-एसपी ने लिया जायजा
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला कलक्टर गौरव अग्रवाल तथा पुलिस अधीक्षक डॉ अमृता दुहन ने विभिन्न मतदान केन्द्रों का निरीक्षण कर मतदान व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने मतदान प्रक्रिया की जानकारी लेते हुए अधिकारियों एवं मतदान कार्मिकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। अधिकारियों ने मतदान केन्द्रों पर सुरक्षा व्यवस्था सहित मतदाताओं की सुविधा के लिए की गई व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया।
बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं में भी दिखा उत्साह

लोकतंत्र के महापर्व में उम्र और शारीरिक चुनौतियां भी उत्साह के आगे नहीं टिक सकीं। मतदान केन्द्रों पर बुजुर्ग एवं दिव्यांग मतदाता भी अपने मताधिकार का प्रयोग करने पहुंचे। कई बुजुर्ग मतदाताओं ने मतदान को अपना लोकतांत्रिक दायित्व बताते हुए उत्साह के साथ वोट डाला। दिव्यांग मतदाताओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मतदान केन्द्रों पर आवश्यक सहयोग एवं व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गईं।
नोट: अभी तक अंतरिम आंकड़ों जारी किये गए है। अंतिम आंकड़ों मे परिवर्तन संभव है।