घर में घुसकर लूट के दौरान बुजुर्ग की हत्या के मामले में 2 आरोपियों गिरफ्तार
लूट और हत्या के मामले में 2 आरोपी गिरफ्तार जंगल में काट रहे थे फरारी, पहले भी कर चुके वारदात
Udaipur Times News, Udaipur Crime,उदयपुर 16 सितंबर 2026 - उदयपुर की फतहनगर थाना पुलिस ने करीब डेढ़ महीने पहले घर में घुसकर लूट के दौरान बुजुर्ग की हत्या के मामले में घटना को अंजाम देने वाली गेंग के 2 सदस्यों को गिरफ्तार किया है।
मामले का खुलासा करते हुए एसपी डॉ. अमृता दुहन ने बताया कि आरोपी पूर्व में भी सुनसान मकानों में घुसकर हत्या करने और जेवरात लूटने की वारदातें कर चुके हैं।
आरोपी मदन नाथ कालबेलिया निवासी राशमी चित्तौड़गढ़ के खिलाफ 3 और सुरेश मोगिया के खिलाफ पूर्व मे एक दर्जन से अधिक पराधिक मामले दर्ज हैं। Accused of Murder arrested
एसपी ने बताया की आरोपी सुनसान जगहों पर बने मकानों,मंदिरों और दुकानों की पहले रैकी करते थे, फिर चोरी की बाइक से वहां जाते और घटना स्थल से 4—5 किमी दूर बाइक खड़ी कर देते। फिर पैदल ही घटना स्थल पहुंचते। पुलिस ने इन्हे राशमी इलाके के आस पास के जंगलों से गिरफ्तार किया है । इसके लिए पुलिस टीम को करीब 21 दिनों तक जंगल और आस के खेतों मे रात गूजरनी पड़ी । Udaipur News
सीसीटीवी कैमरों से बचने के लिए ज्यादातर कच्चे रास्तों और खेतों से जाते थे। वारदात के दौरान अगर घर में कोई मिल जाता। तो उसे बंधक बना लेते और मारपीट करते थे। फिर जंगल—पहाड़ों में जाकर छिप जाते थे। वहीं, कुछ दिन बिताते थे ताकि पुलिस की पहुंच से दूर रह सकें।
फिर अपना ठिकाणा बदल लेते । साथ ही इन्हे गिरफ्तार करना पुलिस के लिए इस लिए भी चुनौती पूर्ण रहा क्यू की ये फोन या किसी भी तरह की तकनीक का इस्तेमाल नहीं किया ।
600 सीसीटीवी कैमरे खंगाले, 4000 किमी तक तलाश किया
पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए करीब 600 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरे खंगाले।
पुलिस ने चित्तौड़गढ़ के भूपालसागर, आकोला, कपासन, निकुम्भ, राशमी, बेगु, बस्सी, राजसमंद के रेलमगरा, नाथद्वारा, आमेट, भीलवाड़ा के गंगापुर, रायला, बिजोलिया और अजमेर, नसीराबाद सहित बैंगलुरू तक करीब 4000 किमी तक तलाश किया। पुलिस को इनके चित्तौड़गढ़ में राशमी के आसपास जंगलों में होने का पता लगा। जहां से इन्हें गिरफ्तार किया।
ये था मामला
प्रार्थी शिवलाल पिता देवीलाल ने थाने में शिकायत दी थी।
जिसमें बताया कि 3 अगस्त 2026 को वह, उनके पिता सहित परिवार के अन्य लोग घर में सो रहे थे। रात करीब 12 बजे बाहर से चिल्लाने की आवाज आई। मैं और मेरी मां मांगीबाई घर से तुरंत बाहर आए और देखा तो मेरे भाई उंकारलाल के घर के अंदर दो—तीन युवक मारपीट कर रहे थे। बीच—बचाव को हम पहुंचे तो हम पर भी आरोपियों ने डंडे से ताबड़तोड़ वार कर दिए। मेरी मां और भाभी के पैरों से चांदी के कडिया और नाक का लोंग खोल लिए। मां के गले से सोने का मादलिया ले गए। मेरे पिता ने बचाव की कोशिश की तो उनके सिर पर वार किया। जिससे वे घायल होकर जमीन पर गिर गए। उन्हें हॉस्पिटल लेकर गए। जहां इलाज के दौरान पिता की मृत्यु हो गई थी।