उदयपुर ओड़ा ब्रिज ब्लास्ट मामले में एटीएस ने सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेजा

अब तक कुल 8 लोगों किया गया है गिरफ्तार 
 | 
Udaipur rail track blast 3 arrested from udaipur by ATS SOG Act of Terrorism Ruled Out

उदयपुर के ओड़ा रेलवे ब्रिज ब्लास्ट के मामले में गिरफ्तार 8 आरोपियों को एटीएस की टीम द्वारा आज सोमवार को कोर्ट में पेश किया गया जहां से उनको कोर्ट द्वारा न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।

गौरतलब है कि एटीएस द्वारा अभी तक घटना के बाद घटना को अंजाम देने वाले मुख्य आरोपी धूल चंद मीणा और उसके साथी प्रकाश के अलावा कुल 8 लोगों को गिरफ्तार किया गया हैं।जिनको पूर्व में एटीएस की टीम द्वारा कोर्ट के समक्ष पेश किया गया था। पुलिस कस्टडी रिमांड पर लिया गया था जिसके दौरान एटीएस की टीम उनसे लगातार इस घटना से जुड़े मामलों में पूछताछ कर रही थी।

सोमवार को पुलिस कस्टडी रिमांड की अवधि पूरी होने पर एटीएस की टीम द्वारा दोनों ने कोर्ट के समक्ष पेश किया गया जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। 12 नवंबर 2022 के दिन उदयपुर से लगभग 25 किलोमीटर दूर से ओड़ा रेलवे पूल पर ब्लास्ट होने के बाद विभिन्न सेंट्रल और स्टेट सिक्योरिटी एजेंसीज मामले की तफ्तीश कर रही थी

17 नवंबर को एटीएस और एसओजी की संयुक्त टीम द्वारा मामले के मुख्य आरोपी धूल चंद मीणा के साथ ही प्रकाश और एक बाल अपचारी को गिरफ्तार किया गया था, जिसके बाद इनसे पूछताछ के दौरान अवैध रूप से विस्फोटक पदार्थ उपलब्ध कराने वाले पिता-पुत्र बिहारीलाल और अंकुश सुहल्का गिरफ्तार हुए थे, इसी दौरान 2 दिन पूर्व एटीएस टीम द्वारा इस मामले में  कुछ और अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था और और कोर्ट के समक्ष पेश कर उन्हें पुलिस कस्टडी रिमांड पर लिया गया था। एटीएस की टीम द्वारा पूछताछ के दौरान बिहारी लाल के घर से कुछ अवैध डेटोनेटर्स, फ्यूज वायर और अन्य सामग्री जब्त की गई थी।

गौरतलब है कि धूल चंद द्वारा इस घटना को हिंदुस्तान जिंक रेलवे विभाग द्वारा नौकरी का झांसा देकर फिर नहीं देने से नाराज होकर घटना को अंजाम देना सामने आया है, हालांकि एजेंसियों द्वारा अभी भी लगातार इस मामले की जांच की जा रही है। 

Follow UdaipurTimes on Facebook , Instagram , and Google News