सरस देशी घी के नाम पर नकली घी के कारोबार का भंडाफोड़ चार गिरफ्तार
उदयपुर पुलिस की स्पेशल टीम ने भूपालपुरा थाना पुलिस के साथ मिलकर शुद्ध सरस देशी घी के नाम पर नकली घी सप्लाई करने वाले गिरोह का भंड़फोड़ करते हुए चार व्यक्तियो को गिरफ्तार कर उनके क
पर्यावरण प्रदूषण के चलते जहाँ लोगो को साफ़ हवा और पानी उपलब्ध नहीं है, वहां अब लोगों की सेहत के खिलवाड़ भी बदस्तूर जारी है। जी हाँ ब्रांडेड सरस घी के नाम पर समाज के दुश्मन अब नकली घी तैयार कर लोगो की सेहत के साथ खिलवाड़ करने से बाज़ नहीं आ रहे है। आज उदयपुर पुलिस की स्पेशल टीम ने भूपालपुरा थाना पुलिस के साथ मिलकर शुद्ध सरस देशी घी के नाम पर नकली घी सप्लाई करने वाले गिरोह का भंड़फोड़ करते हुए चार व्यक्तियो को गिरफ्तार कर उनके कब्ज़े से 8 क्विंटल नकली घी बरामद किया है।
उदयपुर जिला पुलिस अधीक्षक कुंवर राष्ट्रदीप ने बताया की उदयपुर के शोभागपुरा 100 फिट रोड से राजसमंद जिले के कुंवारियां निवासी गोविन्द गुर्जर पिता भीमाराम गुर्जर, प्रकाश पिता उदयराम गुर्जर, लक्ष्मण पिता मथुरालाल गुर्जर, तथा सुखेर निवासी श्यामसिंह झाला पिता अर्जुन सिंह झाला को गिरफ्तार किया गया तथा इनके कब्ज़े से 8 क्विंटल नकली घी बरामद किया गया।
आरोपितो से शुरूआती पूछताछ में पता चला है की नकली घी की पैकिंग मटेरियल और भारत सरकार द्वारा प्रामणिक स्टीकर इंदौर के विकास जैन नामक व्यक्ति द्वारा सप्लाई किया जा रहा है। आरोपियों के पास से 15-15 किलोग्राम के 54 डिब्बे पाए गए। उक्त नकली घी की पैकिंग राजसमंद के एक गांव में की जाती थी। पुलिस अभी कारखाने में छापे के साथ इंदौर के व्यापारी का भी पता लगाने में जुटी हुई है।
मौके पर पहुंचे सरस घी के जांच अधिकारियो ने भी अपनी जाँच के बाद बरामद घी के नकली होने की पुष्टि की है। आरोपियों ने बताया की वह वनस्पति घी और सोयाबीन के तेल को निश्चित मात्रा के मिश्रण से नकली घी तैयार करते और इसमें खुशबू के लिए एसेंस मिलाते थे। उल्लेखनीय है की सरस का देशी घी का 15 किलो का टीन 5750 रूपये में मिलता है जबकि आरोपी इसे 2500 से लेकर 3000 में बेचते थे। पुलिस अभी इस मामले में विस्तृत जांच कर रही है