फर्जी शादी कर ठगी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़

महिला सहित तीन आरोपी गिरफ्तार

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fake marriage gang

उदयपुर 14 जुलाई 2025। ज़िले की कानोड़ थाना पुलिस ने फर्जी शादी कर लोगों से ठगी करने वाले एक गिरोह का खुलासा करते हुए एक महिला समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरोह ने षड्यंत्रपूर्वक एक युवक से महिला की शादी करवा कर डेढ़ लाख रुपये की ठगी की और कुछ ही दिनों बाद महिला जेवर व नकदी लेकर फरार हो गई।

थानाधिकारी मुकेश चन्द्र ने बताया कि आरोपी गिरोह ने पंकज खारोल नामक युवक से ललिता बाई नामक महिला की शादी करवाई थी। आरोपियों ने शादी के नाम पर युवक से 1.50 लाख रुपये लिए। योजना के तहत महिला शादी के बाद करीब 10 दिन तक पंकज खारोल के साथ पत्नी बनकर रही, फिर मौके का फायदा उठाकर जेवर व नकदी लेकर मध्यप्रदेश के रतलाम जिले के सरवन कस्बे में अपने पहले पति और तीन बच्चों के पास चली गई।

इस मामले की जांच कर रहे हैड कांस्टेबल लक्ष्मण ने बताया कि यह गिरोह पहले मध्यप्रदेश में दो वारदातें कर चुका है और राजस्थान में यह उसकी पहली घटना थी। महिला को पैसों की जरूरत थी, इसलिए गिरोह ने उसका इस्तेमाल किया।

पीड़ित पंकज खारोल ने 8 मार्च 2025 को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने बताया कि उसकी पहली पत्नी कमला, जो राजसमंद निवासी थी, करीब पांच साल पहले किसी अन्य व्यक्ति के साथ भाग गई थी। इसके बाद गांव के ही मांगीलाल ने उसकी दूसरी शादी कराने की बात कही और 20 जनवरी 2025 को वह एक लड़की को लाकर शादी करवाने की बात कहने लगा।

लड़की ललिता बाई के साथ दो अन्य व्यक्ति कैलाश सिंह और सुनील भी आए। पंकज के पिता और मांगीलाल की मौजूदगी में 100 रुपये के स्टांप पर इकरारनामा तैयार कर शादी की रस्में पूरी की गईं। शादी के एवज में कैलाश ने 1.50 लाख रुपये बतौर सिक्योरिटी लिए। इसके अलावा शादी में पंकज का 30 हजार रुपये का अन्य खर्च भी हुआ।

शादी के बाद करीब 10 दिन तक सबकुछ सामान्य रहा, लेकिन फिर ललिता बाई ने मौसाजी की मौत का बहाना बनाकर घर से निकलते समय सारे जेवर और कुछ नकद राशि लेकर फरार हो गई।

पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज की और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरोह से पूछताछ जारी है और अन्य ठगी की वारदातों की भी जानकारी जुटाई जा रही है।