जयपुर के SMS अस्पताल मे डिजिटल हेल्थ, आधुनिक उपकरणों की मिली मंजूरी, कॉटेज वार्ड का किराया बढ़ा
Udaipur Times, Jaipur News: जयपुर के SMS अस्पताल में डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत करने के लिए आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन की डिजिटल हेल्थ इंसेंटिव स्कीम के तहत 2.5 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के नए आईटी उपकरणों की खरीद को मंजूरी दी गई। वहीं बैठक में अस्पताल परिसर स्थित निजी अस्पताल कॉटेज के किराये में 10% वृद्धि करने का निर्णय लिया गया।
इसके साथ ही अस्पताल की कार्यक्षमता बढ़ाने और विभिन्न सेवाओं को गति देने के लिए आईटी हार्डवेयर की खरीद एवं अपग्रेडेशन के प्रस्ताव भी स्वीकृत किए गए।
प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य गायत्री राठौड़ की अध्यक्षता में एसएमएस अस्पताल, जयपुर में राजस्थान मेडिकेयर रिलीफ सोसायटी की कार्यकारिणी समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में मरीजों को बेहतर, त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने तथा अस्पताल की प्रशासनिक, वित्तीय एवं तकनीकी व्यवस्थाओं को मजबूत करने से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा कर निर्णय लिए गए।
बैठक में अस्पताल में डिजिटल हेल्थ को बढ़ावा देने, आधुनिक चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराने, मरीजों की सुविधा बढ़ाने तथा निर्णय प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में कई महत्वपूर्ण स्वीकृतियां प्रदान की गईं।
अस्पताल रिकॉर्ड का होगा डिजिटलीकरण
अस्पताल में उपलब्ध रिकॉर्ड को डिजिटल स्वरूप प्रदान करने का निर्णय लिया गया। इससे रिकॉर्ड के सुरक्षित एवं व्यवस्थित प्रबंधन के साथ आवश्यकता के समय जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सकेगी तथा अस्पताल की कार्यप्रणाली अधिक तकनीक आधारित बनेगी। मरीजों और अस्पताल कर्मचारियों के बीच बेहतर संवाद के लिए विभिन्न डीडीसी , पंजीयन डेस्क एवं मरीज इंटरफेस काउंटरों पर 100 टू-वे माइक्रोफोन सिस्टम लगाए जाएंगे।
नए लाभार्थी वर्गों को मिलेगा लाभ
मरीजों को उपचार सुविधाओं का लाभ अधिक व्यापक स्तर पर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ‘अपना घर’ और ‘प्राइवेट इंश्योरेंस’ को नए लाभार्थी वर्ग के रूप में शामिल करने की मंजूरी दी गई।
यूनिट हेड्स को वित्तीय अधिकार
अस्पताल की दैनिक आवश्यकताओं से जुड़े छोटे एवं आवश्यक व्यय के लिए सभी यूनिट हेड्स को वित्तीय अधिकार प्रदान करने का निर्णय लिया गया। इसके तहत आरटीटीपी के वित्तीय नियमों के अनुसार एक बार में 10,000 रुपये तक तथा एक वर्ष में अधिकतम 50,000 रुपये तक का व्यय किया जा सकेगा। इससे छोटी आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए निर्णय प्रक्रिया में तेजी आएगी।
आधुनिक चिकित्सा उपकरणों की होगी उपलब्धता
मरीजों को अत्याधुनिक उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से एडवांस्ड एनेस्थीसिया वर्कस्टेशन की खरीद के प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इसके अतिरिक्त न्यूरोलॉजी, ऑर्थोपेडिक्स, पीएमआर , पैलिएटिव मेडिसिन सहित विभिन्न विभागों के ऑपरेशन थिएटर एवं डायग्नोस्टिक उपकरणों से संबंधित प्रस्तावों को भी स्वीकृति प्रदान की गई।
पीएम राहत काउंटर के संचालन को मंजूरी
ट्रॉमा एंड ऑर्थोपेडिक इंस्टीट्यूट में पीएम राहत काउंटर के संचालन के लिए आवश्यक ऑपरेशनल एवं वित्तीय व्यवस्था को मंजूरी दी गई। इससे ट्रॉमा सेवाओं को अधिक व्यवस्थित एवं प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।
सुरक्षा एवं सफाई कार्मिकों के हित में प्रस्ताव
अस्पताल में सुरक्षा एवं स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत करने वाले कार्मिकों के लिए हाई-रिस्क अलाउंस के रूप में 25 प्रतिशत वेतन वृद्धि के प्रस्ताव पर भी विचार किया गया।
राजस्थान मेडिकेयर रिलीफ सोसायटी के इन निर्णयों से एसएमएस अस्पताल में मरीज-केंद्रित सेवाओं, डिजिटल हेल्थ, आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं और प्रशासनिक दक्षता को और मजबूती मिलेगी।
