हरियाणा में 17 अवैध कॉलोनियां होंगी नियमित ! हजारों लोगों को मिलेगा बड़ा फायदा
Udaipur Times, Haryana News : हरियाणा के फरीदाबाद में तिगांव विधानसभा क्षेत्र में रहने वाले लोगों के लिए राहत की खबर है। क्षेत्र की 17 अवैध कॉलोनियों को नियमित करने की प्रक्रिया तेज हो गई है। हरियाणा सरकार ने इन कॉलोनियों को लेकर नगर निगम से दोबारा सही और पूरी रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट में मिली कमियों को दूर करने का काम अब नगर निगम की योजना शाखा में तेजी से चल रहा है।
करीब एक साल पहले नगर निगम ने इन 17 कॉलोनियों की रिपोर्ट तैयार कर सरकार को भेजी थी। जांच के दौरान रिपोर्ट में नक्शे, क्षेत्रफल और आंकड़ों से जुड़ी कुछ कमियां सामने आईं। इसके बाद सरकार ने फाइल वापस भेजते हुए सभी जानकारी दुरुस्त कर दोबारा रिपोर्ट जमा कराने के निर्देश दिए हैं।
कॉलोनियों नक्शे और आंकड़े किए जा रहे दुरुस्त
नगर निगम के कर्मचारी अब सरकार की आपत्तियों को दूर करने में जुटे हैं। कॉलोनियों के नक्शे, क्षेत्रफल और वहां मौजूद आबादी से जुड़ी जानकारी को दोबारा जांचा जा रहा है। अधिकारियों का प्रयास है कि संशोधित रिपोर्ट में सभी जरूरी जानकारियां स्पष्ट रूप से दर्ज हों, ताकि नियमितीकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ सके।
कृषि भूमि पर प्लॉटिंग कर बसाई गई थीं कॉलोनियां
तिगांव विधानसभा क्षेत्र की ये सभी कॉलोनियां पहले कृषि भूमि पर प्लॉटिंग करके बसाई गई थीं। वर्तमान में यहां बड़ी संख्या में लोग मकान बनाकर रह रहे हैं। ऐसे में कॉलोनियों के नियमित होने से यहां रहने वाले लोगों को भविष्य में कई तरह की राहत मिलने की उम्मीद है।
ड्रोन सर्वे में मिली थीं 553 अवैध कॉलोनियों की जानकारी
करीब तीन साल पहले सरकार के आदेश पर फरीदाबाद में अवैध कॉलोनियों का ड्रोन सर्वे कराया गया था। इस सर्वे में 553 अवैध कॉलोनियों की पहचान हुई थी। इसके बाद टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग ने सूची नगर निगम को भेजी और मौके पर जांच कराई गई।
जांच के दौरान 214 कॉलोनियां तय मानकों पर खरी नहीं उतरीं, जिसके चलते उन्हें नियमितीकरण की सूची से बाहर कर दिया गया था। सर्वे में अरावली के वन आरक्षित क्षेत्र में भी कई बस्तियां सामने आई थीं। सरकार की नीति के अनुसार किसी कॉलोनी को नियमितीकरण की प्रक्रिया में शामिल करने के लिए वहां 50 फीसदी से अधिक हिस्से में आबादी बसी होना जरूरी है। पहले जांच के दौरान कई कॉलोनियों में यह शर्त पूरी नहीं हो रही थी। कई जगह प्लॉट खाली भी पड़े थे।
हालांकि, अब इन क्षेत्रों में पिछले कुछ वर्षों के दौरान बड़ी संख्या में मकान बन चुके हैं और आबादी बढ़ी है। ऐसे में दोबारा तैयार की जा रही रिपोर्ट में मौजूदा स्थिति को भी शामिल किया जा रहा है।
अवैध कॉलोनी काटने वालों पर भी होगी सख्ती
दूसरी ओर, हरियाणा सरकार ने अवैध कॉलोनियां विकसित करने वालों के खिलाफ भी सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अवैध कॉलोनी विकसित करने की शिकायतों पर कॉलोनाइजरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं।
सरकार का कहना है कि लोगों को गुमराह करके उनकी मेहनत की कमाई से जमीन और मकान से जुड़े मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अधिकारियों को अवैध निर्माण और अवैध कॉलोनियों पर कार्रवाई के साथ प्रभावित लोगों की समस्याओं का समाधान करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
अब तिगांव की इन 17 कॉलोनियों की संशोधित रिपोर्ट पर सरकार की मंजूरी का इंतजार है। रिपोर्ट में सभी कमियां दूर होने के बाद नियमितीकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ने की उम्मीद है।
