गीतांजली मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल द्वारा के.एम.सी विषयक पोस्टर का हुआ विमोचन

इस पोस्टर को डॉ देवेन्द्र सरीन तथा डॉ सुशील गुप्ता द्वारा तैयार किया गया है। 
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उदयपुर 14 अप्रैल 2022। कल संभागीय आयुक्त राजेंद्र भट्ट के करकमलों द्वारा के.एम.सी विषयक पोस्टर का हुआ विमोचन किया गया। इस अवसर पर गीतांजली मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल के सीईओ श्री प्रतीम तंबोली, बाल रोग विभागाध्यक्ष डॉ. देवेंद्र सरीन व नवजात शिशु इकाई विभागाध्यक्ष डॉ सुशील गुप्ता मौजूद थे।  इस पोस्टर को डॉ देवेन्द्र सरीन तथा डॉ सुशील गुप्ता द्वारा तैयार किया गया है। 

संभागीय आयुक्त ने बताया कि यह पोस्टर जन जन में नवजात शिशु सुश्रुषा के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा, इससे ना केवल शहरों के बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों के स्वास्थ्य केंद्रों पर भी उपलब्ध कराया जाए।

डॉ देवेन्द्र सरीन ने बताया कि के.एम.सी द्वारा नवजात एवं शिशु मृत्यु दर दोनों को कम करने में यह अत्यंत सहायक है। 2 किलोग्राम से कम वजन के नवजात शिशुओं को के.एम.सी करवाने पर उनका ना केवल शारीरिक बल्कि मानसिक विकास भी तीव्रता से होता है। 

डॉ सुशील गुप्ता ने जानकारी दी कि के.एम.सी में माताओं का शिशु से त्वचा से त्वचा संपर्क होता है और साथ ही 2 किलोग्राम से कम वजन के नवजातों को इस विधि से अनन्य लाभ हैं। जैसे- नवजात के तापमान में स्थिरता, सफल स्तनपान, मां बच्चे में मजबूत भावात्मक संबंध एवं नवजात में संक्रमण का कम होना इत्यादि। 

जी.एम.सी.एच के सीईओ श्री प्रतीम तंबोली ने बताया कि के.एम.सी की विधि माता पिता घर पर भी जारी रख सकते हैं जब तक कि नवजात का वजन ढाई किलोग्राम तक ना हो जाए। उन्होंने बताया कि गीतांजलि हॉस्पिटल की नवजात शिशु गहन इकाई (एन.आई.सी.यू) में 2 किलोग्राम से कम वजन के भर्ती नवजातों को टी.एम.सी निरंतर दी जा रही है। 

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