3 दिन बंद रहेंगे सभी स्कूल-कॉलेज ! सरकार ने जारी किया आदेश, जानें वजह ?
Udaipur Times, New Delhi : मणिपुर में मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने सभी स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालयों को तीन दिनों के लिए बंद रखने का फैसला किया है। शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेश के अनुसार, 20 अगस्त (गुरुवार) से 22 अगस्त (शनिवार) 2026 तक राज्य के सभी शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे। इसके बाद 23 अगस्त को रविवार होने के कारण स्कूल-कॉलेज उस दिन भी बंद रहेंगे।
कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए फैसला
मणिपुर में मौजूदा हालात को देखते हुए प्रशासन ने छात्रों और शिक्षकों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है। इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य के सभी शिक्षण संस्थानों में तीन दिन के अवकाश की घोषणा की गई है। सरकार के इस फैसले का उद्देश्य किसी भी अप्रिय स्थिति के दौरान विद्यार्थियों और शिक्षण संस्थानों से जुड़े लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
सभी बोर्ड के स्कूलों पर लागू होगा आदेश
शिक्षा विभाग के आदेश के मुताबिक यह फैसला राज्य में संचालित विभिन्न बोर्ड से संबद्ध स्कूलों पर लागू होगा। इसमें BOSEM, COHSEM, CBSE समेत अन्य बोर्ड के स्कूल शामिल हैं। इसके अलावा सरकारी स्कूलों के साथ-साथ सरकारी सहायता प्राप्त और निजी स्कूलों को भी इस अवधि में बंद रखने का निर्देश दिया गया है।
कॉलेज और विश्वविद्यालय भी रहेंगे बंद
यह अवकाश केवल स्कूली विद्यार्थियों तक सीमित नहीं है। राज्य के सरकारी, सहायता प्राप्त और निजी कॉलेजों तथा विश्वविद्यालयों को भी 20 से 22 अगस्त तक बंद रखने का आदेश दिया गया है। इस दौरान नियमित कक्षाएं और अन्य शैक्षणिक गतिविधियां स्थगित रहेंगी।
राज्यपाल के निर्देश पर जारी हुआ आदेश
शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेश मणिपुर के राज्यपाल के निर्देश के बाद जारी किया गया है। आयुक्त-सह-सचिव (शिक्षा) निंगथौजम जेफ्री की ओर से जारी निर्देश में शिक्षण संस्थानों को निर्धारित अवधि तक बंद रखने को कहा गया है।
कब तक बंद रहेंगे स्कूल-कॉलेज?
20 अगस्त, गुरुवार, स्कूल-कॉलेज बंद
21 अगस्त, शुक्रवार, स्कूल-कॉलेज बंद
22 अगस्त, शनिवार, स्कूल-कॉलेज बंद
23 अगस्त, रविवार, साप्ताहिक अवकाश
यानी छात्रों को लगातार चार दिन संस्थानों में छुट्टी मिलेगी, जिसमें तीन दिन सरकार द्वारा घोषित अवकाश और एक दिन रविवार का साप्ताहिक अवकाश भी है शामिल ।प्रशासन ने साफ किया है कि यह फैसला मौजूदा परिस्थितियों में सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। छात्रों और अभिभावकों को संस्थान की ओर से जारी आगे की सूचना पर भी नजर रखने की सलाह दी गई है।
