हरियाणा के NCR में पेट्रोल और डीजल के ये सभी वाहन होंगे जब्त, सरकार ने दिए निर्देश
Udaipur Times, Haryana News, चंडीगढ़ : हरियाणा में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में शामिल 14 जिलों में अब 15 साल से अधिक पुराने पेट्रोल और दस साल पुराने डीजल वाहनों को सड़कों पर दिखते ही जब्त किया जाएगा। कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए कंडम वाहनों को स्क्रैप कराकर अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) लेनी होगी। हालांकि अगर वाहन मालिक चाहें तो पुराने वाहनों को एनसीआर से बाहर स्थानांतरित कर सकते हैं।
परिवहन आयुक्त की ओर से जारी निर्देशों में यह स्पष्ट रूप से कहा गया है कि सर्वोच्च न्यायालय तथा वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के निर्देशानुसार वायु प्रदूषण की रोकथाम, नियंत्रण एवं वायु गुणवत्ता में सुधार हेतु एनसीआर में सभी निजी एवं व्यावसायिक BS-1, BS-2 और BS-3 श्रेणी के सभी वाहनों को हटाया जाना है, जो निर्धारित आयु सीमा पूर्ण कर चुके हैं। यदि कोई ऐसा वाहन सड़क पर पाया जाता है, तो उसे मौके पर ही जब्त किया जाएगा तथा कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सभी वाहन मालिकों से अनुरोध किया गया है कि वे कंडम वाहनों को तय प्रक्रिया व नियम के अनुसार स्क्रैप करवाएं अथवा उन्हें एनसीआर क्षेत्र से बाहर स्थानांतरित करवाने के लिए संबंधित पंजीकरण प्राधिकारी के कार्यालय से अनापत्ति प्रमाणपत्र के लिए संपर्क करें।
BS-1, BS-2 और BS-3 श्रेणी के वाहन हटेंगे, पुराने वाहनों को एनसीआर से बाहर स्थानांतरित करने की दी जाएगी मंजूरी
93 हजार 458 ट्रक और 16 हजार 329 बसों को प्रक्रिया के तहत हटाया जाएगा
BS-6, इलेक्ट्रिक और सीएनजी ट्रकों व बसों की खरीद पर मोटर वाहन टैक्स में मिलेगी 100 प्रतिशत छूट
वहीं, एनसीआर जिलों में नए BS-6, इलेक्ट्रिक तथा सीएनजी ट्रकों एवं बसों की खरीद पर मोटर वाहन कर में 100 प्रतिशत छूट दी जाएगी। पुराने ट्रकों एवं बसों (BS-IV अथवा उससे पूर्व उत्सर्जन मानकों वाले) के प्रतिस्थापन पर नए BS-6, इलेक्ट्रिक और सीएनजी ट्रक-बस खरीदने पर पूरा मोटर वाहन कर माफ किया जाएगा। पुराने BS-VI, इलेक्ट्रिक तथा सीएनजी ट्रकों एवं बसों की खरीद पर मोटर वाहन कर में 50 प्रतिशत छूट प्रदान की जाएगी। दोनों ही मामलों में मोटर वाहन कर में यह छूट 10 वर्ष की अवधि के लिए मान्य होगी।
नई नीति के तहत खरीदे गए नए वाहनों के पंजीकरण पर पंजीकरण शुल्क में भी छूट प्रदान की जाएगी। योजना में पुराने ट्रकों एवं बसों के साथ भाग लेने वाले लाभार्थियों को एक वर्ष से अधिक समय से लंबित देनदारियों में छूट प्रदान की जाएगी। इस प्रोत्साहन से वाहनों से होने वाले उत्सर्जन में कमी लाने में मदद मिलेगी, जिससे एनसीआर जिलों में वायु गुणवत्ता में सुधार होने की अपेक्षा है। नीति के तहत पुराने 93 हजार 458 ट्रकों और 16 हजार 329 बसों को हटाया जाएगा।
