Udaipur Times, New Delhi : गुजरात के बनासकांठा जिले के डीसा में एशिया का पहला रेगिस्तान आधारित ड्राइव-थ्रू नाइट सफारी और जूलॉजिकल पार्क विकसित किया जाएगा। करीब 103 हेक्टेयर जमीन पर यह पार्क बनाया जाएगा। परियोजना पर करीब 542.14 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है। पार्क की सबसे बड़ी खासियत नाइट सफारी होगी।
जानकारी के अनुसार इसके लिए पांच अलग-अलग सफारी बाड़े बनाए जाएंगे। इसके अलावा यहां अलग डे-जू भी होगा। पूरे पार्क में करीब 83 प्रजातियों के 2,700 जानवर और पक्षी रखे जाने की योजना है। इनमें भारतीय वन्यजीवों के साथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के रेगिस्तानी इलाकों में पाए जाने वाले जानवर भी शामिल होंगे।
रेगिस्तान में वन्यजीवन
पार्क में चिंकारा, काला हिरण, भारतीय जंगली गधा, एशियाई शेर और तेंदुआ जैसे भारतीय जानवर प्रमुख आकर्षण होंगे। अफ्रीकी प्रजातियों में जिराफ, जेब्रा, काला गेंडा, चीता, शेर और मीरकैट शामिल होंगे। ऑस्ट्रेलिया से कंगारू, एमू और वॉलेबी भी यहां दिखेंगे। पार्क में सिर्फ रेगistani जानवर ही नहीं होंगे। यहां रेप्टाइल सफारी, रेनफॉरेस्ट बायोम, एक्वेरियम, पक्षीशाला, तितली पार्क और इंटरप्रिटेशन सेंटर भी बनाए जाएंगे। पर्यटकों के लिए फूड कोर्ट, स्मृति चिन्ह की दुकान और गोल्फ कार्ट जैसी सुविधाएं भी होंगी। पूरे पार्क को प्राकृतिक रेगिस्तानी वातावरण के अनुरूप विकसित किया जाएगा।