मेनार की यात्रा पर प्यार के पंछी
गुजरात स्थित कच्छ के रण में प्रजनन करने वाले फ्लेमिंगों पक्षी इन दिनों उदयपुर जिले के मेनार गांव के तालाब में जलक्रीड़ारत है। इन पक्षियों को पिछले कई वर्षों से यहां की आबोहवा बड़ी रास आ रही है और यही कारण है कि इन दिनों यहां पर सैकड़ों की संख्या में यहां विचरण कर रहे हैं। लंबी सुराहीदार गर्दन, आकर्षक चोंच व गुलाबी लंबी टांगों वाला यह पक्षी राजहंस या हंसावर के नाम से भी जाना जाता है।

गुजरात स्थित कच्छ के रण में प्रजनन करने वाले फ्लेमिंगों पक्षी इन दिनों उदयपुर जिले के मेनार गांव के तालाब में जलक्रीड़ारत है। इन पक्षियों को पिछले कई वर्षों से यहां की आबोहवा बड़ी रास आ रही है और यही कारण है कि इन दिनों यहां पर सैकड़ों की संख्या में यहां विचरण कर रहे हैं। लंबी सुराहीदार गर्दन, आकर्षक चोंच व गुलाबी लंबी टांगों वाला यह पक्षी राजहंस या हंसावर के नाम से भी जाना जाता है।
लगभग पांच फीट ऊॅंचाई वाला यह पक्षी अपनी मनोहारी उड़ान के लिए भी पहचाना जाता है। सफेद लाल रंग के पंखों पर काले रंग के किनारों के साथ आसमान में उड़ता दल हर किसी को सम्मोहित कर रहा है। कतारबद्ध हो दोड़कर उड़ान भरते फ्लेमिंगों किसी जेट विमान से प्रतीत होते हैं।
Download the UT Android App for more news and updates from Udaipur
अन्य प्रवासी पक्षी सर्दियों में आते हैं और सर्दियां खत्म होते ही मार्च में रवाना हो जाते है परंतु फ्लेमिंगों व पेलिकन सबसे बाद में अप्रेल माह में आने वाला स्थानीय प्रवासी पक्षी है। दो फ्लेमिंगों जब आमने सामने खड़े होकर एक दूसरे से चोंच लड़ाते हैं तो यह प्रेम के प्रतीक को साकार करते हैं।
इन दिनों जलक्रीड़ा करते व उड़ान भरते फ्लेमिंगों को देखने के लिए बड़ी संख्या में पक्षी प्रेमी पहुंच रहे हैं। यह आकर्षक फोटो बांसवाड़ा के जनसंपर्क उपनिदेशक व वाईल्ड लाईफ फोटोग्राफर कमलेश शर्मा ने मेनार से क्लिक किया है।
