हरियाणा में CIA होडल का सब-इंस्पेक्टर गिरफ्तार, 5 हजार रुपये की रिश्वत लेते ACB ने पकड़ा
Udaipur Times, Haryana News, चंडीगढ़/रेवाड़ी : भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की रेवाड़ी यूनिट ने सीआईए होडल, जिला पलवल में तैनात सब-इंस्पेक्टर सिराजुद्दीन को 5,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी पर शिकायतकर्ता के भाई के खिलाफ दर्ज मामले में मदद करने और उसकी क्रेटा कार छुड़वाने के एवज में 10,000 रुपये रिश्वत मांगने का आरोप है।
मामले में मदद और क्रेटा कार छुड़वाने के बदले मांगी थी रिश्वत
शिकायतकर्ता ने एसीबी को दी शिकायत में आरोप लगाया कि उसके भाई को 18 अक्टूबर 2026 को थाना बहीन, जिला पलवल में दर्ज अभियोग संख्या 169/2026, भारतीय न्याय संहिता की धारा 25(1बी)(ए), 54 और 59 आर्म्स एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया था। शिकायत के अनुसार, उक्त मामले में मदद करने और उसकी क्रेटा कार छुड़वाने के बदले आरोपी सब-इंस्पेक्टर सिराजुद्दीन ने 10,000 रुपये रिश्वत की मांग की थी। आरोपी पहले ही 5,000 रुपये रिश्वत के रूप में ले चुका था और शेष 5,000 रुपये लेने के लिए शिकायतकर्ता को बुलाया था।
शेष 5 हजार रुपये लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार
शिकायत पर कार्रवाई करते हुए एसीबी की रेवाड़ी यूनिट की टीम ने ट्रैप लगाया और आरोपी सब-इंस्पेक्टर सिराजुद्दीन, नंबर 196/पलवल, थाना सीआईए होडल, जिला पलवल को शेष 5,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के खिलाफ अभियोग संख्या 26, दिनांक 21 अक्टूबर 2026, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 के तहत थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, फरीदाबाद में मामला दर्ज किया गया है।
निरीक्षक संतराम के नेतृत्व में हुई ट्रैप कार्रवाई
यह कार्रवाई राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, रेवाड़ी यूनिट के नेतृत्व में की गई। ट्रैप कार्रवाई के दौरान राजपत्रित अधिकारी के रूप में श्री सुमित, सचिव, नगर परिषद, रेवाड़ी मौजूद रहे। कार्रवाई के दौरान भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 105 के तहत निर्धारित प्रक्रिया का पालन किया गया। मामले में आगे की जांच नियमानुसार जारी है।
भ्रष्टाचार संबंधी शिकायत के लिए एसीबी से संपर्क करें
राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है, तो इसकी सूचना तुरंत एसीबी को दें। भ्रष्टाचार संबंधी शिकायत टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1064 अथवा 1800-180-2022 पर दी जा सकती है।