झील घाटों पर शौच नागरिक शर्म

श्रमदान पश्चात आयोजित सम्वाद में झीलो में घटते जलस्तर एवं बढ़ती जलीय खरपतवार पर चिन्ता व्यक्त की गई। झील प्रेमियों ने आक्रोश प्रदर्शित किया कि बारम्बार आग्रह के बावजूद झीलो में कचरा फेकना व घाटों पर शौच विसर्जन बदस्तूर जारी है। यह हम उदयपुर वासियों के लिए शर्म की बात है।

The post

 | 
झील घाटों पर शौच नागरिक शर्म
झील मित्र संस्थान, झील संरक्षण समिति व डॉ मोहन सिंह मेहता मेमोरियल ट्रस्ट द्वारा पिछोला पर श्रमदान कर झील क्षेत्र से भारी मात्रा में पॉलीथिन, घरेलू सामग्री, सड़ी गली खाद्य सामग्री, शराब की, पानी की व कोल्ड ड्रिंक की खाली और टूटी बोतले व जलीय घास निकाली गई।
श्रमदान में  रमेश चंद्र राजपूत, विजय मारू, पल्लव दत्ता, हेमन्त पालीवाल, डॉ अनिल मेहता व नन्द किशोर शर्मा सहित स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया ।
झील घाटों पर शौच नागरिक शर्म
श्रमदान पश्चात आयोजित सम्वाद में झीलो में घटते जलस्तर एवं बढ़ती जलीय खरपतवार पर चिन्ता व्यक्त की गई। झील प्रेमियों ने आक्रोश प्रदर्शित किया कि बारम्बार आग्रह के बावजूद झीलो में कचरा फेकना व घाटों पर शौच विसर्जन बदस्तूर जारी है। यह हम उदयपुर वासियों के लिए शर्म की बात है।
झील घाटों पर शौच नागरिक शर्म

Follow UdaipurTimes on Facebook , Instagram , and Google News