निर्जला एकादशी पर मन्दिरों में उमडी भक्तों की भीड
शहर के सभी ठाकुरजी के मन्दिरों में बुधवार को निर्जला एकादशी धुमधाम से मनाई गई। एकादशी को लेकर प्रति वर्ष की तरह इस वर्ष भी जगदीश मन्दिर में पुजारियों के द्वारा विशेष तैयारियां गई थी।

शहर के सभी ठाकुरजी के मन्दिरों में बुधवार को निर्जला एकादशी धुमधाम से मनाई गई। एकादशी को लेकर प्रति वर्ष की तरह इस वर्ष भी जगदीश मन्दिर में पुजारियों के द्वारा विशेष तैयारियां गई थी।
वर्ष की सबसे बडी एकादशी पर श्रद्वालुओं ने श्रृद्वापूर्वक उपवास करते हुये जमकर दान-पुण्य किया। शहर के अलग-अलग मन्दिरो मे विशेष श्रृंगार कर विभिन्न रूप के भोग लगाये गये। एकादशी के पर्व को लेकर सुबह से ठाकुर के प्रमुख मन्दिर जगदीश मन्दिर मे कई आयोजन शुरू हो गये थे।
अल सुबह ही भगवान जगदीश को केसरिया रंग के विशेष वस्त्र धारण करवाकर विशेष श्रृंगार किया गया। गुरूवार को दिन भर जगदीश मंदिर के बाहर भक्तों की लम्बी कतारें लगती रहे और हजारों की संख्या में भक्तजन उमड़े।
एकादशी के दान-पुण्य कर बडा महत्व माना जाता है, इसी को लेकर भक्तों के मन्दिर के बाहर बैठे गरीब व असहाय लोगों को धान, पैसे आदि का दान दिया। एकादशी को लेकर 5 दिनो से रथ समिति व धर्मोत्सव समिति के द्वारा तैयारिया की जा रही थी। पर्व के दिन धर्मोत्सव समिति के कार्यकर्ताओं ने जगदीश चौक व रथ समिति के कार्यकर्ताओ ने मन्दिर परिसर की व्यस्थाएं संभाली।
मन्दिर की ओर जाने वाले मार्गों पर भी कई संगठनों व समाज के द्वारा पेयजल व सेगारी नास्ते की व्यस्था की गई। निर्जला एकादशी के दिन दान-पुण्य के साथ पतंग को उडाया जाता है, इसी को लेकर दिनभर बाजारों मे पतंग खरीदने वाले युवाओं की भी जमकर भीड रही।
प्रसिद्ध पतंगबाज़ अब्दुल कादिर ने भी इस मौके पर रानी रोड पर निर्जला एकादशी के अवसर पर विभिन्न प्रकार की पतंगे उड़ाई।
