क्या आप जानते हैं सड़क पर पीली और सफेद लाइन का मतलब क्या होता है ? देखें पूरी जानकारी
Udaipur Times, Meaning of White and Yellow Lines on Road : आमतौर पर हम सभी कहते हैं कि हमारे यहां सड़कें असुरक्षित हैं और लोग ट्रैफिक नियम नहीं मानते। लेकिन सवाल यह भी है कि क्या हम खुद बुनियादी नियमों को ठीक से जानते हैं? सड़क पर बनी सफेद, पीली और टूटी-फूटी (broken) लाइनों का मतलब समझना हर ड्राइवर और राइडर के लिए जरूरी है, क्योंकि ये सीधे सुरक्षा से जुड़ी होती हैं।
ब्रोकन व्हाइट लाइन (Broken White Line) क्या है?
सड़क पर टूटी हुई सफेद लाइन का मतलब होता है कि यहां ओवरटेकिंग की अनुमति होती है। यानी अगर आप एक लेन पर चल रहे हैं और आगे निकलना सुरक्षित है, तो आप दूसरी गाड़ी को क्रॉस कर सकते हैं। लेकिन ऐसा करने से पहले कुछ बातें जरूरी हैं पीछे आने वाले वाहनों को मिरर में देखें, इंडिकेटर देकर अपनी दिशा बताएं, सामने से आने वाले ट्रैफिक को चेक करें इसके बाद ही ओवरटेक करें जब रास्ता पूरी तरह सुरक्षित हो।
हैज़र्ड ब्रोकन व्हाइट लाइन (Hazard Broken Line)
यह लाइन भी टूटी हुई होती है, लेकिन इसमें दूरी ज्यादा होती है। इसका मतलब है कि यह एक एक्सीडेंट-प्रोन एरिया है। यहां ओवरटेक करना बहुत सावधानी से करना चाहिए।
सॉलिड येलो लाइन (Continuous Yellow Line)
यह लाइन आमतौर पर पहाड़ी या घुमावदार रास्तों पर होती है। इसका मतलब है कि यहां ओवरटेक करना सख्त मना है। यह नियम इसलिए बनाया जाता है क्योंकि ऐसे रास्तों पर विजिबिलिटी कम होती है और दुर्घटना का खतरा ज्यादा होता है। इसलिए बेहतर है कि अपनी लेन में ही रहें।
सॉलिड व्हाइट लाइन और डबल व्हाइट लाइन
सड़क पर बनी लगातार सफेद लाइन का मतलब होता है कि लेन बदलना या ओवरटेक करना अनुमति नहीं है। यह शहरों और हाईवे दोनों जगह देखने को मिलती है।
डबल व्हाइट लाइन का मतलब और भी सख्त नियम है इस लाइन को पार करना पूरी तरह मना है, किसी भी स्थिति में ओवरटेक नहीं किया जा सकता।
एक सॉलिड और एक ब्रोकन लाइन (Mixed Line)
अगर सड़क पर एक तरफ सॉलिड लाइन और दूसरी तरफ ब्रोकन लाइन है, तो नियम अलग होता है सॉलिड लाइन वाली तरफ से ओवरटेक करना मना है और ब्रोकन लाइन वाली तरफ से ओवरटेक किया जा सकता है, लेकिन केवल सुरक्षित होने पर।
