राजस्थान स्थापना दिवस पर कार्यक्रमों का आयोजन
राजस्थान स्थापना दिवस पर शनिवार को जिला प्रशासन एवं पर्यटन विभाग के सहयोग से फतेह मेमोरियल में छात्र-छात्राओं की राजस्थान की सांस्कृतिक धरोहर पर चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसके अलावा रागमाला विषय प्रदर्शनी का आयोजन भी हुआ।
राजस्थान स्थापना दिवस पर शनिवार को जिला प्रशासन एवं पर्यटन विभाग के सहयोग से फतेह मेमोरियल में छात्र-छात्राओं की राजस्थान की सांस्कृतिक धरोहर पर चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसके अलावा रागमाला विषय प्रदर्शनी का आयोजन भी हुआ।
सूचना केन्द्र में विभिन्न विभागों के सहयोग से आयोजित सात दिवसीय राजस्थान दिवस प्रदर्शनी का समापन हुआ। प्रदर्शनी में राजस्थान के चरणबद्घ विकास को विभिन्न छायाचित्रों एवं पोस्टर्स के माध्यम से प्रदर्शित किया गया।
प्रदर्शनी में आयुर्वेद विभाग, कृषि विभाग सहित सूचना एवं जनसम्पर्क कार्यालय द्वारा प्रदेश एवं जिले में हुए विकास को प्रदशर्नी में शामिल किया गया।
राजस्थान दिवस पर संगोष्ठी
धानमण्डी सिथत कांग्रेस मीडिया सेन्टर में शनिवार को ‘राजस्थान दिवस पर आयोजित संगोष्ठी में मीडिया सेन्टर अध्यक्ष पंकज कुमार शर्मा ने कहा कि बड़ी-रियासतों के विलिनीकरण से 30 मार्च 1949 को उदित – राजस्थान अपने शैशव में पिछड़ा और बीमारू राज्य कहा जाता था लेकिन यहां के लोगों के जीवट ने पिछले 64 साल में इसे कदम दर कदम विकास के नए सोपान दिए।
उन्होंने कहा कि रिफाइनरी के निर्माण के बाद तो यह विकास की दृषिट से सिरमौर राज्यों में होगा।
मोहन सिंह मेहता मेमोरियल ट्रस्ट में आयोजित हुआ संवाद
राजस्थान दिवस पर प्रदेश के नागरिकों एवं प्रशासन को यह संकल्प लेना चाहिए कि राजस्थान के विभिन्न क्षेत्रों में चली आ रही कू-प्रथाओं को खत्म करे जिनमें दक्षिणी राजस्थान में मोताणा प्रमुख है। उक्त विचार डा. मोहनसिंह मेहता मेमोरियल ट्रस्ट द्वारा आयोजित राजस्थान दिवस की तिरसठवीं वर्षगाठ के अवसर पर आयोजित संवाद में उभरे।
झील संरक्षण समिति के सह सचिव अनिल मेहता ने कहा कि राजस्थान के तीस जिले वर्तमान में फ्लोरार्इड से ग्रसित है, उन्हेे शुद्ध पेयजल उपलब्धी सुनिशिचत करना अगले वर्ष का लक्ष्य होना चाहियें। मेहता ने महिला साक्षरता दर में वृद्धि एवं महिला अत्याचार में शुन्य लाने की दिशा में गम्भीर प्रयासों की जरूरत बतलार्इ।
सामाजिक कार्यकर्ता प्रोढ शिक्षा विद सुशील दशोरा, चान्दपोल नागरिक समिति के अध्यक्ष तेजशंकर पालीवाल, ट्रस्ट सचिव नन्द किशोर शर्मा, नितेश सिंह कच्छावा ने अपने अपने विचार व्यक्त किये।


