गोवर्धन सागर के बदबूदार पानी में मर रही है मछलियां
झील प्रेमियों ने जताई चिंता
उदयपुर, 28 जून 2020। कोरोना लॉक डाउन में झीलों का पानी पारदर्शी हुआ लेकिन उसके बाद अब गोवर्धन सागर में किनारे के पानी के काले गंदले होने व मछलियों के मर जाने पर झील प्रेमी चिंता में है।
झील संरक्षण समिति के डॉ अनिल मेहता तथा झील प्राधिकरण के सदस्य तेज शंकर पालीवाल ने कहा कि संभावना है कि क्षेत्र में कचरा, गंदगी, बरसात के पानी के साथ झील में पंहुचा हो। इससे झील में घुलनशील ऑक्सीजन कम हो गई हो। घाट पर नहाने व कपड़े धोने के कारण भी प्रदूषण बढ़ रहा है।
गांधी मानव कल्याण समिति के निदेशक नंद किशोर शर्मा तथा पर्यावरण विद पल्लब दत्ता ने झील का दौरा कर बताया कि किनारे पर भारी बदबू है। प्रदूषण नियंत्रण मंडल को बदबू मार रहे काले दिख रहे पानी की जांच करनी चाहिये। साथ ही मत्स्य विभाग को मरी मछलियों को जांच कर मरने के कारणों को सपष्ट करना चाहिए।
