सांस्कृतिक संध्या में संस्थापक डॉक्टरों का सम्मान
‘मेडिकल प्रेक्टीशनर्स सोसायटी की सांस्कृतिक संध्या में आज से 28 वर्ष पूर्व स्थापित इस संस्था के संस्थापक सदस्यों का शाल ओढाकर एवं प्रतीक चिंन्ह देकर सम्मान किया गया। सांस्कृतिक संध्या का प्रारम्भ डॉ. आर.एल.अग्रवाल (प्रथम अध्यक्ष) एवम् डॉ. पी.सी. जैन ने सरस्वती मां के समक्ष दीप प्रज्जवलन कर के किया।
‘मेडिकल प्रेक्टीशनर्स सोसायटी की सांस्कृतिक संध्या में आज से 28 वर्ष पूर्व स्थापित इस संस्था के संस्थापक सदस्यों का शाल ओढाकर एवं प्रतीक चिंन्ह देकर सम्मान किया गया। सांस्कृतिक संध्या का प्रारम्भ डॉ. आर.एल.अग्रवाल (प्रथम अध्यक्ष) एवम् डॉ. पी.सी. जैन ने सरस्वती मां के समक्ष दीप प्रज्जवलन कर के किया।
ईश वन्दना नृत्य के साथ यह 17वीं सांस्कृतिक संध्या प्रारंभ हुई । इसमें नगर के मेडिकल प्रेक्टीशनर्स व उनके परिवार के सदस्यों ने अपनी अपनी प्रतिभाओं का प्रर्दशन किया। आम तौर पर चिकित्सकों को गंभीर न हंसने वाले,नृत्य व संगीत में न रूचि रखने वाला माना जाता है पर इस कार्यक्रम को देखकर लगता है कि नृत्य, गीत, संगीत सभी में नन्हें मुन्नों से लगाकर बडे से बडे डाक्टर्स दमप्त्ति ने अपनी अभिव्यक्ति देकर इस धारणा को झुठला दिया है।
सोयायटी की स्थापना करने वाले सदस्यों में सर्वप्रथम वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. आर.एल.अग्रवाल (87वर्ष) का अध्यक्ष डॉ. एन.के.बंसल द्वारा शॉल ओढाकर व प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया इसके बाद डॉ. एस.बी.गुप्ता,डॉ.पी.सी.जैन (जिन्होंने पहला सांस्कृतिक कार्यक्रम 1995 में प्रारम्भ करवाया व पहली डाक्टर्स डायरेक्टरी बनायी) डॉ.एम.एस.नाहर, डॉ. शेलेन्द्र हिरण, डॉ. अनिल कोठारी, डॉ. पी.सी.मेहता, डॉ. बी.एल.सोनी (संस्थापक सदस्यों) को शॉल ओढाकर एवम् प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।