ग्रामीणजनों की सांस्कृतिक समृद्धि से फ्रांस के छात्र अभिभूत हुए
फ्रांस के प्रबंध महाविद्यालय के विद्यार्थियों के दल ने अलर्ट संस्थान का अवलोकन कर गोगुन्दा में संचालित जल ग्रहण क्षेत्र एवं टीडीएफ वाड़ी कार्यक्रम का विस्तृत अध्ययन किया। इसके अंतर्गत अलर्ट द्वारा किए जा रहे चारागाह विकास, स्वयं सहायता समूह निर्माण एवं फलोत्पादन कार्यक्रमों की जानकारी ली एवं युवा समूह की गतिविधियों को जाना।

फ्रांस के प्रबंध महाविद्यालय के विद्यार्थियों के दल ने अलर्ट संस्थान का अवलोकन कर गोगुन्दा में संचालित जल ग्रहण क्षेत्र एवं टीडीएफ वाड़ी कार्यक्रम का विस्तृत अध्ययन किया। इसके अंतर्गत अलर्ट द्वारा किए जा रहे चारागाह विकास, स्वयं सहायता समूह निर्माण एवं फलोत्पादन कार्यक्रमों की जानकारी ली एवं युवा समूह की गतिविधियों को जाना।
इससे पूर्व दल का स्वागत संस्थान के अध्यक्ष जितेन्द्र मेहता द्वारा किया गया तथा विभिन्न विकास कार्यक्रम एवं परियोजना की जानकारी दी। युवा कार्यक्रम समन्वयक लक्ष्मीलाल टेलर ने युवाओं के लिए की जाने वाली दक्षता व आय संवद्र्धक के बारे में बताया। दल ने श्रमदान कर वागड़ा जल ग्रहण के अवाणी गांव स्थित दांतेड़ चारागाह में बांस, नीम, आंवली, खिरनी, पलाश आदि के 25 पौधे लगाए।
इसके अलावा पाटिया गांव में भी 15 नींबू के पौधे लगाए और दादीया बेहड़ा गांव में आम और नींबू की बाड़ी का अवलोकन किया और कहा कि भारत के ग्रामीण आधुनिकता की सम्पन्नता से भले ही प्रभावित न हों किंतु वे अपनी संस्कृति और जीवन यापन में बहुत ही समृद्ध और भाग्यशाली है।
यहां ग्रामीण समुदाय के साथ मिलकर उनके जीवन परिवेश को जाना और चारों ओर फैली हरीतिमा को देखकर सभी सदस्य चकित एवं अभिभूत हो गये। दल के साथ विद्याभवन पोलोटेक्निक महाविद्यालय के सुधीर कुमावत, उमाशंकर, अलर्ट के दर्पण छाबड़ा, कृषि समन्वयक रामनारायण शर्मा, कार्यकर्ता शंभूलाल आदि मौजूद थे।
उल्लेखनीय है कि फ्रांस के ईएम नारमेंडी कॉलेज के एमबीए का 12 सदस्यीय यह दल उदयपुर के एडवेंट प्रबंध महाविद्यालय एवं विद्याभवन पॉलोटेक्निक महाविद्यालय द्वारा कम्युनिटी डवलपमेंट स्टडी सेंटर में ग्रामीण परिवेश में अध्ययन हेतु आया हुआ है।
