नन्हें-नन्हें हाथों ने बनाये 600 से अधिक इको फ्रेन्डली गणेशजी
नन्हें-नन्हें हाथो में जब चिकनी मिट्टी आयी तो इकोफ्रेन्डली गणेजी की प्रतिमाएं बनती चली गयी। करीब 3 घंटे में देबारी स्थित पायोनियर पब्लिक स्कू
नन्हें-नन्हें हाथो में जब चिकनी मिट्टी आयी तो इकोफ्रेन्डली गणेजी की प्रतिमाएं बनती चली गयी। करीब 3 घंटे में देबारी स्थित पायोनियर पब्लिक स्कूल के 100 से अधिक बच्चों ने बोहरा गणेशजी मन्दिर परिसर में 600 से अधिक गणेजी की 4 से 6 इंच तक की मुर्तिया बनाकर आमजन को न केवल निःशुल्क प्रदान की वरन् युवतियों को गणेजी की मूर्तियां बनाना भी निःशुल्क सिखा दिया।
विद्यालय के प्रबन्ध निदेशक नरेन्द्र कुमार गुप्ता ने बताया कि गणपति विसर्जन के दौरान प्रदुषित होती झीलों को जल प्रदुषण से रोकने के लिये पायोनियर पब्लिक स्कूल ने शहर में एक अभिनव प्रयास करते हुए इको फ्रेन्डली गणेशजी की छोटी-छोटी मूर्तियां बनाकर आमजन को झीलों को प्रदुषण से बचाने का एक सकारात्मक संदेश दिया।
विद्यालय के निदेशक प्रतीक गुप्ता ने बताया कि इस अवसर पर अनेक महिलाओं एवं युवतियों ने हाथों हाथ मूर्तियां बनाना सीखा एवं उन्होेंने शहर की झीलों को पुदषित होने से बचाने का संकल्प लिया। करीब 100 से अधिक महिलाओं ने मूर्तियां बनाना सीखा एवं अपनी बनायी हुई मूर्तियों को साथ ले जाने लगी तो उनके चेहरे पर हिम्मत एवं संकल्प के भाव दिखायी दिये।
उदयपुर ग्रामीण विधायक फूल सिंह मीणा ने भी बच्चो की इस पहल को सराहा
इस अवसर पर मौके बोहरा गणेश जी मंदिर में दर्शन करने पहुंचे उदयपुर ग्रामीण विधायक फूल सिंह मीणा ने भी बच्चो की इस पहल को सराहा।