ऊर्जा संरक्षण में गिट्स का अहम कदम
गीतांजली इंस्टिट्यूट आॅफ टेक्निकल स्टडीज उदयपुर ने काॅलेज प्रागण में सोलर हब लगाकर पर्यावरण व ऊर्जा संरक्षण में अहम कदम उठाय
गीतांजली इंस्टिट्यूट आॅफ टेक्निकल स्टडीज उदयपुर ने काॅलेज प्रागण में सोलर हब लगाकर पर्यावरण व ऊर्जा संरक्षण में अहम कदम उठाया है। केन्द्र सरकार के क्लीन ऊर्जा एवं ग्रीन ऊर्जा मिशन को बढावा देने के लिए यह ऊर्जा संरक्षण हेतु यह महत्वपूर्ण पहल की गई है।
गीतांजली ग्रुप के वाइस चेयरमैन कपिल अग्रवाल का मानना है कि जिस तरह सरकार क्लीन एनर्जी ग्रीन एनर्जी को बढावा दे रही और जन – जन को ऊर्जा संरक्षण के लिए सौर ऊर्जा के प्रयोग के लिए प्रेरित कर रही है उसी दिशा में गिट्स भी सरकार के साथ कदम से कदम मिलाकर चल रहा है जिससे पर्यावरण संरक्षण को वढावा मिल सके।
गिट्स डायरेक्टर डाॅ. विकास मिश्र ने बताया कि ऊर्जा की खपत दिन प्रतिदिन बढती जा रही हैं। ऊर्जा के पारम्परिक स्रोत सीमित है, साथ ही जीवाष्म ईधन जैसे कोयला, पैट्रोल एवं डीजल आदि से कार्बनडाई आक्साईड, कार्बन मोनो आक्साईड जैसी हानिकारक गैसो का उत्सर्जन होता है जिसमें भूमण्ड़लीय तापक्रम ने दिन प्रतिदिन बढोतरी हो रही है। जिसमे पर्यावरण का संतुलन लगातार बिगड रहा है । जिसके परिणाम सवरूप कही सूखा तो कही अति वृष्ठि तो कही अन्य प्राकृतिक आपदाओ का सामना करना पड रहा है।
भारत के प्रत्येक नागरिक एवं संस्थानो का दायित्व है कि पर्यावरण संरक्षण में अपना योगदान दे। इसी के क्रम मे गिट्स ने सौर ऊर्जा का उत्पादन एवं संचालन शुरू किया है। सौर ऊर्जा सुरक्षित व क्लीन ऊर्जा है इससे कोई हानिकारक उत्सर्जन नहीं होता है। यह कोई ईधन नही बल्कि तकनीकी है जो सबको अपनाना चाहिए।
वित्त नियन्त्रक बाबूलाल जांगीड़ इसी क्रम में कहा कि सौर ऊर्जा हमें आत्मनिर्भर बनाती है, साथ ही सौर ऊर्जा के क्षेत्र मे केरियर बनाने के लिए असीमित संम्भावनाए एवं मांग है इस सोलर हब के माध्यम से इल्क्ट्रोनिक्स इंजीनियरिग, मैकेनिकल इंजीनियरिग व इलेक्ट्रिल इंजीनियरिग के विद्यर्थियो को पैनल डिजाइंनिग, एंगल फोर मेक्सिमम एनर्जी कनवर्जन व रखरखाव पर प्रशिक्षण प्रदान किया गया।