सरकार ने ऐप स्टोर से अनधिकृत ई-रिक्शा बैटरी प्रबंधन ऐप्स हटाने के दिए आदेश
Udaipur Times, E-Rickshaw Battery Management App: केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने आज लोकसभा में बताया कि सरकार ने कुछ बैटरी मैनेजमेंट सिस्टम मोबाइल एप्लिकेशन के दुरुपयोग की रिपोर्टों का संज्ञान लिया है, जिनके द्वारा ई-रिक्शा की बैटरियों को अनधिकृत तौर पर दूरस्थ नियंत्रण द्वारा नियंत्रित किया जा रहा था। सरकार ने 3 जुलाई 2026 को ऐप स्टोर से ऐसे एप्लिकेशन हटाने के आदेश दिए। E-Rickshaw Battery Management App
इसके अलावा, सरकार ने डिजिटल पारितंत्रों में साइबर सुरक्षा और डिजिटल अनुकूलन मजबूत बनाने के लिए राष्ट्रव्यापी एकीकृत और समन्वित ढांचे को संस्थागत रूप दिया है। E-Rickshaw Battery Management App
इसमें अन्य बातों के अलावा निम्नलिखित उपाय शामिल हैं
i. विभिन्न एजेंसियों के बीच साइबर सुरक्षा समन्वय सुनिश्चित करने के लिए राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय-एनएससीएस के अधीन राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा समन्वयक एनसीएससी की तैनाती की जाएगी।
ii. सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 70बी के प्रावधानों के तहत साइबर सुरक्षा संबंधी घटनाओं पर कदम उठाने के लिए भारतीय कंप्यूटर आपातकालीन प्रतिक्रिया टीम-सीईआरटी-इन को राष्ट्रीय एजेंसी नामित किया गया है।
iii. सीईआरटी-इन द्वारा संचालित राष्ट्रीय साइबर समन्वय केंद्र साइबर सुरक्षा खतरों का पता लगाने के लिए साइबरस्पेस की जांच करता है। यह संबंधित संगठनों, राज्य सरकारों और हितधारक एजेंसियों के साथ जानकारी साझा करता है ताकि समुचित कार्रवाई की जाए।
iv. सरकार ने सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 70ए के प्रावधानों के तहत देश में महत्वपूर्ण सूचना अवसंरचना की सुरक्षा के लिए राष्ट्रीय महत्वपूर्ण सूचना अवसंरचना संरक्षण केंद्र-एनसीआईआईपीसी स्थापित की है।
v. उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के उपभोक्ता मामले विभाग द्वारा प्रशासित उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019, वैश्वीकरण, प्रौद्योगिकी, ई-कॉमर्स बाजारों आदि के युग में उपभोक्ता संरक्षण को नियंत्रित करने वाले ढांचे का आधुनिकीकरण करने के लिए अधिनियमित किया गया था।
vi. इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा सूचना, सुरक्षा, शिक्षा एवं जागरूकता-आईएसईए परियोजना सूचना सुरक्षा क्षेत्र में मानव संसाधन सशक्त बनाने और सामान्य जागरूकता के लिए कार्यान्वित किया जा रहा है। साइबर स्वच्छता एवं साइबर सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं पर जागरूकता सामग्री www.staysafeonline.in, www.infosecawareness.in और www.csk.gov.in जैसे पोर्टलों द्वारा पहुंचाई जा रही है।
