मां सरस्वती का भव्य अनुष्ठान
खमनोर समिपवर्ती गांव गांवगुडा के जैन उपाश्रय में चल रहे चातुर्मास में पू. साध्वीजी उपेन्द्रयशाश्रीजी म.सा. के सानिध्य में आज मां सरस्वती के भव्य अनुष्ठान का आयोजन कीया गया। पू. साध्वीजी ने सुन्दर व सहज शैली में मां सरस्वजी की महीमा बताते हुए कहा की सरस्वती की कृपा से ही व्यक्ति बोलना सीखता है आज हर जगह मां सरस्वती की कृपा चाहीये।
खमनोर समिपवर्ती गांव गांवगुडा के जैन उपाश्रय में चल रहे चातुर्मास में पू. साध्वीजी उपेन्द्रयशाश्रीजी म.सा. के सानिध्य में आज मां सरस्वती के भव्य अनुष्ठान का आयोजन कीया गया। पू. साध्वीजी ने सुन्दर व सहज शैली में मां सरस्वजी की महीमा बताते हुए कहा की सरस्वती की कृपा से ही व्यक्ति बोलना सीखता है आज हर जगह मां सरस्वती की कृपा चाहीये।
हम जो शब्द, भाषा या स्वर बोलते है सभी मां सरस्वती की कृपा से ही सम्भव होता है। विधालय में बालक बालिकायें मां सरस्वती के चरण स्पर्श कर जी शिक्षा प्रारम्भ करते है। मां सरस्वती के प्रति श्रृद्धा रखने से सभी प्रकार के कष्टो का निवारण हो जाता हैं। साध्वीजी सुहीलरत्नाश्री ने मां सरस्वती पर सुन्दर भजन प्रस्तुत कीया।
महावीर मंडल के अध्यक्ष हस्तीभार्इ संघवी ने बताया की मंत्रोचार के साथ मां सरस्वती के 108 अभिषेक तथा 108 बार वासक्षेप पुजा की गयी।
108 बार वासक्षेप का चढावा बाबुलाल प्यारचन्द्र पामेचा तथा मंत्रीत 4 धागे लेने का लाभ जेठमलानी वरदीचन्द्र व बाबुलाल ने लिया। समारोह में महावीर मंडल के राकेश जैन, मुकेश पामेचा एवं अन्य सदस्य उपसिथत थे।


