हरियाणा मंत्रिमंडल ने कॉलेज कैडर ग्रुप-सी सेवा नियमों में संशोधन को दी मंजूरी, सीधी भर्ती एवं पदोन्नति के लिए शैक्षणिक योग्यता में किया संशोधन
चण्डीगढ़, 3 नवंबर - हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में आज यहां हुई मंत्रिमंडल की बैठक में हरियाणा शैक्षणिक कॉलेज कैडर (ग्रुप-सी) सेवा नियम, 1986 में संशोधन को मंजूरी प्रदान की गई। इसके तहत जूनियर लेक्चर असिस्टेंट के पद पर नियुक्ति के लिए शैक्षणिक योग्यता में संशोधन करने के साथ-साथ सेवा संबंधी अन्य प्रावधानों को भी अद्यतन किया गया है।
संशोधित नियम हरियाणा शैक्षणिक कॉलेज कैडर (ग्रुप-सी) सेवा (संशोधन) नियम, 2026 कहलाएंगे। ये नियम राजपत्र में प्रकाशन की तिथि से लागू होंगे।
संशोधित प्रावधानों के अनुसार, जूनियर लेक्चरर असिस्टेंट के पद पर सीधी भर्ती के लिए अभ्यर्थी का विज्ञान संकाय में भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान एवं गणित (पीसीएम) अथवा भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान एवं जीव विज्ञान (पीसीबी) विषयों के साथ 10$2 उत्तीर्ण होना अनिवार्य होगा। इसके अतिरिक्त, किसी मान्यता प्राप्त कॉलेज में लेबोरेटरी अटेंडेंट के रूप में पांच वर्ष का अनुभव होना चाहिए। अभ्यर्थी के पास मैट्रिक स्तर पर हिंदी या संस्कृत विषय अथवा उच्च शिक्षा में हिंदी विषय का होना भी आवश्यक है।
पदोन्नति के माध्यम से नियुक्ति के लिए निर्धारित योग्यता 10$2 या इसके समकक्ष होगी और पद पर नियमित नियुक्ति के बाद लेबोरेटरी अटेंडेंट के तौर पर पांच वर्ष का अनुभव अनिवार्य होगा।
संशोधित नियमों के तहत सीधी भर्ती के लिए आयु सीमा 18 से 42 वर्ष निर्धारित की गई है, जो हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग में आवेदन जमा करवाने की अंतिम तिथि के आधार पर निर्धारित की जाएगी। ऊपरी आयु सीमा में छूट हरियाणा सिविल सेवा (सामान्य) नियम, 2016 के अनुसार दी जाएगी।
नए नियमों के अनुसार, आयोग वंचित अनुसूचित जातियों, अन्य अनुसूचित जातियों, पिछड़ा वर्ग, भूतपूर्व सैनिकों तथा दिव्यांगजनों के लिए आरक्षित रिक्तियों के लिए निर्धारित अनुभव वाले पर्याप्त उम्मीदवार उपलब्ध न होने पर अनुभव की आवश्यकता में 50 प्रतिशत तक की छूट दे सकता है। इस प्रकार की छूट देने के कारणों को लिखित रूप में दर्ज करना होगा।
संशोधित नियमों में राष्ट्रीयता, आरक्षण तथा परिवीक्षा अवधि सफलतापूर्वक पूरी करने के बाद पुष्टि से संबंधित प्रावधानों को भी अद्यतन किया गया है। भारतीय नागरिक और नेपाल या भूटान के नागरिक नियुक्ति के पात्र होंगे, लेकिन नेपाल या भूटान के नागरिकों के पास सरकार द्वारा जारी पात्रता प्रमाण-पत्र होना जरूरी है।
आरक्षण तथा अन्य रियायतें राज्य सरकार के आदेशों के अनुसार लागू रहेंगी। इन संशोधनों में सरकार को पदों की संख्या बढ़ाने या घटाने या अलग-अलग पदनाम और वेतनमान के साथ नए नियमित पद सृजित करने का अधिकार भी दिया गया है।