विनोद माली हत्याकांड में पत्नी ने ही रची प्रेमियों के साथ मिलकर हत्या की साज़िश
शहर के सुखेर थाना क्षेत्र में हुए विनोद माली हत्याकांड की गुत्थी पुलिस ने चौबीस घंटे में ही सुलझा ली। कल सुबह भोईवाड़ा न
विनोद माली हत्याकांड के आरोपी
शहर के सुखेर थाना क्षेत्र में हुए विनोद माली हत्याकांड की गुत्थी पुलिस ने चौबीस घंटे में ही सुलझा ली। कल सुबह भोईवाड़ा निवासी विनोद की हत्या कर शव भैरवगढ़ रिसोर्ट के निकर निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज परिसर में डाल दी गई थी। पुलिस की पूछताछ में सामने आया की विनोद की हत्या की साज़िश उसकी पत्नी ने ही अपने दो प्रेमियों के साथ मिलकर रची थी। सुखेर थाने के थानाधिकारी मांगीलाल पंवार ने बताया की आरोपियों की हिरासत में लेकर पूछताछ जारी है।
दरअसल पुलिस ने मामले में छानबिन मृतक के घर से ही शुरू की तो पत्नी मोनिका के बयान संदिग्ध लगे, मोनिका को तुरन्त हिरासत में ले लिया गय। वहीं मृतक की काॅल डिटेल में भी साफ हो गया था कि उसे फोन करके बुलाया गया था। बुधवार शाम को सुखेर थाना पुलिस ने पूरे हत्याकाण्ड से राज खोलते हुए बताया कि मोनिका तलाकशुदा थी और उसके घरवालों ने जबरन उसकी शादी विनोद माली से करवा दी। लेकिन मोनिका का प्रेमप्रसंग दुर्गेश तेली से चल रहा था। शादी के बाद भी मोनिका दुर्गेश के बीच संबंध बरकरार थे, वहीं विनोद माली की बहिन सुनिता के देवर कपिल उर्फ बिट्टू माली से भी मोनिका की मित्रता हो गई। करीब एक महीने पहले मोनिका का फोन व्यस्त रहने से विनोद और उसमें अनबन शुरू हो गई। जिस कारण विनोद ने मोनिका की सिम तोड़कर फेंक दी यही बात मोनिका को अखर गई और उसने विनोद का काम तमाम करने की ठान ली।
चार दिन पूर्व ही मोनिका फिर पीहर से ससुराल आई थी, इससे पूर्व उसने कपिल और दुर्गेश से विनोद को ठिकाने लगाने की योजना बना डाली थी। सताईस नवम्बर को मोनिका ने उसकी सास से फोन से अपने पहले प्रेमी दुर्गेश से बात की और कहा कि या तो मुझे मार दो या उसे। इसके बाद दुर्गेश ने कपिल से बात की ओर एक योजना के तहत उदयपुर पंहुच गया। कपिल ने विनोद को गाड़ी ठीक करने के बहाने से चित्रकूट नगर बुलाया जहां पहले से ही मौजूद दुर्गेश ने विनोद की आंखों में मिर्ची डाल दी। विनोद भागने लगा तो दोनो ने उसका पीछा किया और पत्थरों से उसके चेहरे को इस तरह कुचल डाला की उसकी शिनाख्त मुमकिन न हो सके। हत्या की पुष्टि मोनिका ने अपनी पड़ोसन माया के फोन से दुर्गेश और कपिल से की। हत्या के बाद दुर्गेश तो निम्बाहेड़ा वाली बस में फिर बैठ गया, जबकि कपिल फिर से विवाह समारोह में पंहुच गया।
