विडियो कॉन्फ्रेसिंग से सभी चुनाव अधिकारियों को निर्देश
चुनाव आयोग नई दिल्ली द्वारा शनिवार को राज्य स्तरीय व्यय पर्यवेक्षकों, नोडल अधिकारी व्यय, मुख्य कार्यकारी के साथ राजस्थान विधान सभा 2013 के सफल संचालन से विडीयो कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।
चुनाव आयोग नई दिल्ली द्वारा शनिवार को राज्य स्तरीय व्यय पर्यवेक्षकों, नोडल अधिकारी व्यय, मुख्य कार्यकारी के साथ राजस्थान विधान सभा 2013 के सफल संचालन से विडीयो कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।
इस अवसर पर व्यय पर्यवेक्षक प्रसेनजीत सिंह बताया कि चुनाव आयोग द्वारा जारी निर्देशानुसार व्यय की दृष्टि से अति संवेदनशील स्थानों- गॉवों उदयपुर शहर विधान सभा क्षेत्र के 48 चिन्हित किये गये स्थलो पर 28, 29, 30 नवम्बर 24 घण्टे नियमित रूप से फ्लाईंग स्क्वाईड व एस.एस.टी दलों का भ्रमण करवाया जायेगा।
आर्थिक दृष्टि से कमजोर बस्तीयों /आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों में फ्लाईंग स्क्वाईड द्वारा क्षेत्रो के भ्रमण करते समय माईक सेटों से किये जाने वाले प्रचार प्रसार के माध्यम से प्रत्याशियो से शराब एवं नकद राशियां लेना एवं देना अपराधियो कृत्य को रोका जायेगा। जिले की सभी विधान क्षेत्रो मे मतदान से पूर्व प्रत्याशी द्वारा काउन्टींग एजेन्टो की सुचीयां व्यय पर्यवेक्षको को उपलब्ध करवाई जायेगी।
उन्होंने बताया कि एस.एस.टी के लिये पम्पो पर अचानक जॉच करके आवश्यक कार्यवाही की जायेगी तथा कार्यरत कर्मचारियों को भी पाबन्द किया जायेगा। उन्होंने कहा कि जिले की विधान सभा क्षेत्र गोगुन्दा, झाडोल, खेरवाडा, उदयपुर ग्रामीण के आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों एवं गरीब बस्तीयों में व्यय की दृष्टि से अति संवेदनशील स्थानो का चिन्हिकरण किया जाना अति आवश्यक है।
मुख्यत: आदिवासी क्षेत्रों में शराब व नकदी बटवाने के रूप मे अवैधानिक गतिविधियों के पर प्रकाश डालते हुए चिन्हित किया जायेगा। साथ ही पुलिस/आवकारी विभाग से मिलकर फ्लाईंग स्क्वाईड /एस.एस.टी. दल द्वारा शराब एवं नकदी के वितरण पर निश्चित तौर पर नियंत्रण किया जायेगा। इन क्षेत्रों में फ्लाईंग स्क्वाईड के द्वारा गश्ती के समय मुनादी (लाउड स्पीकर्स से एनाउन्समेंट) की व्यवस्था की जाकर समस्त अवैधानिक तरीकों पर नियंत्रण किया जायेगा।
आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों में उपरोक्त प्रकार की गतिविधियां करवाने वाले संभावित प्रत्याशियों को भी चिन्हित किया जाकर उनकी 24 घण्टे निगरानी के लिए अलग से व्यवस्था की जाएगी।
उन्होंने बताया कि जिले की विधान सभा क्षेत्रो के रिटर्निग अधिकारी अपने क्षेत्र के सम्बन्धित पुलिस अधिकारी आबकारी अधिकारी से मिल कर अवैधानिक व्यय (शराब, नकद व उपहार बाटने संबंधी) की दृष्टि से संवेदनशील स्थानों का चिन्हिकरण कर उन क्षेत्रों में तैनात किये जाने वाले पुलिस/आबकारी फ्लाईंग स्क्वाईड/एस.एस.टी. दलों की 24 घण्टे गस्ती करने सम्बन्धित प्लान तैयार कर जिला स्तर पर समायोजित किया जायेगा।
सिंह ने उम्मीद जतायी है कि शराब और नकदी के वितरण को लेकर जीरो टोलरेन्स का वातावरण बनाने में प्रशासन पूरी तरह से कटीबद्ध रहेगा और इस चुनाव में उदयपुर जिला स्वच्छ चुनाव की दिशा में नए कीर्तिमान स्थापित करेगा।