क्या सभी को इनकम टैक्स भरना जरूरी होता है? जाने ITR भरने के बड़े फायदे और ना भरने के नुकसान
Udaipur Times, ITR Filing 2026 : वित्त वर्ष 2025-26 (असेसमेंट ईयर 2026-27) के लिए इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। ऐसे में बड़ी संख्या में लोगों के मन में यह सवाल है कि क्या हर व्यक्ति के लिए ITR फाइल करना अनिवार्य है? इसका जवाब है- नहीं।
आयकर नियमों के मुताबिक, यदि आपकी आय तय सीमा से कम है और आप कुछ निर्धारित शर्तों को पूरा करते हैं, तो आपको ITR दाखिल करने की जरूरत नहीं होती। हालांकि, कुछ परिस्थितियों में कम आय होने के बावजूद भी रिटर्न भरना अनिवार्य हो जाता है।
कितनी आय तक ITR दाखिल करना जरूरी नहीं?
नई टैक्स व्यवस्था (New Tax Regime)
यदि आपने नई टैक्स व्यवस्था चुनी है और आपकी कुल सालाना आय 4 लाख रुपये से कम है, तो सामान्य परिस्थितियों में ITR दाखिल करना अनिवार्य नहीं है।
पुरानी टैक्स व्यवस्था (Old Tax Regime)
अगर आप पुरानी टैक्स व्यवस्था के तहत टैक्स भरते हैं और आपकी सालाना आय 2.5 लाख रुपये से कम है, तो भी आपको ITR दाखिल करने की आवश्यकता नहीं होती।
इन लोगों को ITR दाखिल करने से मिली छूट
आयकर विभाग ने कुछ विशेष श्रेणियों के लोगों को ITR दाखिल करने से छूट दी है। इनमें शामिल हैं:
जिनकी पूरी आय आयकर कानून के तहत पूरी तरह टैक्स-फ्री है।
ऐसे नाबालिग बच्चे, जिनकी आय उनके माता-पिता की आय में क्लब (Clubbing) कर दी जाती है।
ऐसे प्रवासी भारतीय (NRI), जिनकी भारत में आय केवल विदेशी मुद्रा निवेश या लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन से है और उस पर नियमानुसार TDS कट चुका है।
गैर-निवासी विदेशी खिलाड़ी, खेल संगठन और कलाकार, जिनकी भारत में अर्जित आय पर पहले ही TDS काटा जा चुका है।
कम आय होने पर भी कब भरना होगा ITR?
अगर आपकी आय टैक्स सीमा से कम है, लेकिन आपने निम्न में से कोई भी काम किया है, तो आपको ITR दाखिल करना अनिवार्य होगा।
एक या अधिक करंट अकाउंट में सालभर के दौरान 1 करोड़ रुपये से अधिक जमा किए हों।
सेविंग्स अकाउंट में 50 लाख रुपये से ज्यादा जमा किए हों।
बिजनेस का सालाना टर्नओवर 60 लाख रुपये से अधिक हो।
डॉक्टर, वकील या अन्य प्रोफेशनल की सालाना ग्रॉस रिसीट 10 लाख रुपये से ज्यादा हो।
अपने या किसी अन्य व्यक्ति की विदेश यात्रा पर 2 लाख रुपये से अधिक खर्च किया हो।
सालभर में बिजली का बिल 1 लाख रुपये से ज्यादा आया हो।
सालभर में 25 हजार रुपये से अधिक TDS कटा हो। वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह सीमा 50 हजार रुपये है।
यदि आप भारत के निवासी हैं और विदेश में कोई संपत्ति या बैंक खाता रखते हैं।
टैक्स नहीं बनता, फिर भी ITR भरना क्यों फायदेमंद?
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि आपकी आय टैक्स के दायरे में नहीं आती, तब भी स्वेच्छा से Nil ITR दाखिल करना कई मामलों में लाभदायक साबित हो सकता है।
ITR आपकी आय का आधिकारिक रिकॉर्ड होता है। बैंक से होम लोन, पर्सनल लोन या क्रेडिट कार्ड लेने के दौरान अक्सर ITR मांगा जाता है। इसके अलावा वीजा आवेदन, वित्तीय प्रोफाइल मजबूत करने और भविष्य में आय का प्रमाण देने के लिए भी ITR एक महत्वपूर्ण दस्तावेज माना जाता है।
इसलिए, भले ही आपके लिए ITR दाखिल करना अनिवार्य न हो, लेकिन भविष्य की वित्तीय जरूरतों को देखते हुए समय पर रिटर्न दाखिल करना एक समझदारी भरा कदम हो सकता है।
