हरियाणा फैमिली आईडी में बैंक खाता अपडेट होना जरूरी ! तभी सरकार भेजेगी खाते में 250 रुपये
Udaipur Times, Haryana News : हरियाणा से बड़ी खबर सामने आ रही है। राशन डिपो से सरसों तेल लेने वाले 1.15 लाख के करीब परिवारों के लिए अब फैमिली आईडी में दर्ज बैंक खाते की जानकारी बेहद महत्वपूर्ण होने वाली है। सरकार सरसों तेल की जगह 250 रुपए प्रति माह सीधे बैंक खाते में देने की तैयारी कर रही है।
नई व्यवस्था इस माह से लागू होने की उम्मीद अधिकारी जता रहे हैं। ऐसे में पात्र परिवारों को समय रहते फैमिली आईडी में दर्ज बैंक खाते को अपडेट करना होगा। बता दें कि अब तक की व्यवस्था में पात्र परिवारों को राशन डिपो से प्रति परिवार दो लीटर सरसों तेल दिया जाता था। नई व्यवस्था लागू होने के बाद तेल की जगह 250 रुपए की राशि सीधे खाते में भेजने की सरकार तैयारी में है। इससे लाभार्थी जरूरत के अनुसार बाजार से तेल खरीद सकेंगे।
600 राशन डिपो पर बदलेगी व्यवस्था
जिले में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में 600 के लगभग राशन डिपो संचालित हैं। तेल का वितरण बंद होने के बाद डिपो संचालकों को इसके उठान, भंडारण और वितरण की व्यवस्था नहीं करनी होगी। गेहूं व अन्य खाद्य सामग्री का वितरण निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार जारी रहेगा।
ओटीपी-पिन मांगने वालों से सावधान रहें उपभोक्ता
फैमिली आईडी या बैंक खाता अपडेट करने के नाम पर साइबर ठगी से भी सावधान रहने की जरूरत है। कोई व्यक्ति 250 रुपए भेजने या अपडेट करने के नाम पर ओटीपी, एटीएम पिन, पासवर्ड या अन्य गोपनीय जानकारी मांगे तो साझा न करें। किसी भी सुधार के लिए केवल आधिकारिक सरकारी माध्यम का इस्तेमाल करें।
पति-पत्नी के खाते को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं
फैमिली आईडी में पति-पत्नी के बैंक खातों को लेकर अलग-अलग चर्चाएं चल रही हैं। हालांकि दोनों के खाते अनिवार्य किए जाने संबंधी स्पष्ट विभागीय निर्देश की पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में लाभार्थियों को अभीयुक्त विभागीय निर्देश का इंतजार करना चाहिए। डीबीटी व्यवस्था में फैमिली आईडी, बैंक खाता और लाभार्थी के विवरण का मिलान होना जरूरी होगा। किसी एक रिकॉर्ड में भी गड़बड़ी होने पर भुगतान अटक सकता है। बैंक संबंधी जानकारी जांच लें।
बैंक खाता गलत हुआ तो अटक सकता है भुगतान
नई व्यवस्था में यदि फैमिली आईडी में खाता संख्या गलत दर्ज है, खाता बंद हो चुका है या बैंक रिकॉर्ड में नाम व अन्य विवरण मेल नहीं खाते तो डीबीटी भुगतान में दिक्कत आ सकती है। जिन परिवारों में हाल ही में बैंक खाता बदला है, उन्हें भी रिकॉर्ड अपडेट कराने पर ध्यान देना होगा। लाभार्थियों को बैंक खाता चालू है, खाता संख्या सही दर्ज है और बैंक रिकॉर्ड में नाम सही है। किसी तरह की गड़बड़ी मिलने पर समय रहते अधिकृत माध्यम से सुधार करना जरूरी होगा।
