एक लाख रुपये की रिश्वत लेता अधिकारी गिरफ्तार, कमीशन के तौर पर मांग रहा था 17 लाख रुपये
मध्य प्रदेश में एक रिश्वतखोर अधिकारी को लोकायुक्त की टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपी अधिकारी को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोपी अधिकारी पर रिश्वत के तौर पर 17 लाख रुपये मांगने का आरोप है।
शौचालय निर्माण कार्य के लिए मांगे 1 लाख रुपए
धार में प्रभारी सहायक यंत्री दिलीप साधव की शिकायत पर लोकायुक्त इंदौर ने किया ट्रैप ऑपरेशन किया। दिलीप ने अपनी शिकायत में बताया कि वह समग्र शिक्षा अभियान के तहत 122 शौचालय निर्माण कार्य के पूर्णता प्रमाण पत्र जारी करवाने के लिए धार सर्किट हाउस में जिला परियोजना समन्वयक प्रदीप खरे से मिला। यहां खरे ने प्रमाण पत्र जारी करने के लिए उनसे करीब 17 लाख रूपए कमीशन के रूप में मांगे। शिकायतकर्ता ने बताया कि खरे ने उनसे 3.42 करोड़ के निर्माण कार्य में 5% कमीशन के रूप में 17 लाख रुपये की मांग की।
लोकायुक्त ने सर्किट हाउस में दबोचा रिश्वतखोर
प्रभारी सहायक यंत्री दिलीप साधव ने समग्र शिक्षा अभियान परियोजना समन्वयक प्रदीप खरे के खिलाफ लोकायुक्त इंदौर में शिकायत की। शिकायत मिलने के बाद लोकायुक्त ट्रैप कार्रवाई करने की योजना बनाई। खरे ने शिकायतकर्ता को रिश्वत की पहली किस्त के तौर पर 1 लाख रुपए की मांग की थी। सोमवार को रिश्वत की पहली किस्त देने दिलीप धार सर्किट हाउस पहुंचा। यहां लोकायुक्त की टीम ने उसे 1 लाख रुपये लेते रंगे हाथ पकड़ लिया और गिरफ्तार किया। आरोपी अधिकारी पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 के तहत केस दर्ज किए गए।
