गणितीय और वैज्ञानिक है आगम शास्त्रों की भाषा: आचार्यश्री कनकनन्दीजी
आदिनाथ भवन सेक्टर 11 में वैज्ञानिक धर्माचार्य आचार्यश्री कनकनन्दी गुरूदेव ने गुरूवार को आयोजित प्रात:कालीन चातुर्मासिक धर्मसभा में उपस्थित श्रावकों के समक्ष ब्रह्माण्डीय विज्ञान की समन्वयक पद्धति की रोचक व्याख्या की।
आदिनाथ भवन सेक्टर 11 में वैज्ञानिक धर्माचार्य आचार्यश्री कनकनन्दी गुरूदेव ने गुरूवार को आयोजित प्रात:कालीन चातुर्मासिक धर्मसभा में उपस्थित श्रावकों के समक्ष ब्रह्माण्डीय विज्ञान की समन्वयक पद्धति की रोचक व्याख्या की। आचार्यश्री ने कहा कि आधुनिक ब्रह्माण्डीय विज्ञान से परे जैन आगम में वर्णित ब्रह्माण्डीय विज्ञान की समन्वयात्मक पद्धति सर्वजनग्राही होने के साथ- साथ सर्वजनहिताय है।
उन्होंने कहा कि आगम की भाषा गणितीय वैज्ञानिक होने से सर्व सामान्य जन इसे आसानी से समझ नहीं पाते हैं। आचार्यश्री ने धर्मसभा में आधुनिक विज्ञान की सर्वशाखाओं से लेकर धर्म- दर्शन, अध्यात्म विज्ञान की बहुआयामी संयोजना की खूबसूरत प्रस्तुति दी।
प्रचार प्रसार मंत्री पारस चित्तौड़ा ने बताया कि आचार्यश्री के वैज्ञानिक और गणितीय ज्ञान का लाभ रोजाना सैंकड़ों जन लाभ ले रहे हैं। आचार्यश्री की स्वाध्याय प्रवचनमाला दोपहर 3 बजे से सायं 4.30 बजे तक प्रति दिन आदिनाथ भवन सेक्टर 11 में आयेजित होती है।
