संवाद, सामूहिकता एवं समता विकास के लिए जरूरी- पुष्पा शर्मा
संवाद, सामूहिकता व समता से ही शिक्षार्थी, शिक्षक एवं संस्था की सर्वांगीण प्रगति होती है। यह विचार वरिष्ठ शिक्षाविद्, विद्या भवन की पूर्व प्राचार्या पुष्पा शर्मा ने विद्या भवन पॉलिटेक्निक में व्यक्त किये।

संवाद, सामूहिकता व समता से ही शिक्षार्थी, शिक्षक एवं संस्था की सर्वांगीण प्रगति होती है। यह विचार वरिष्ठ शिक्षाविद्, विद्या भवन की पूर्व प्राचार्या पुष्पा शर्मा ने विद्या भवन पॉलिटेक्निक में व्यक्त किये।
पॉलिटेक्निक के नवागुंतक विद्यार्थियों व संकाय सदस्यों से मुखातिब होते हुए शर्मा ने कहा कि अनुशासन का अर्थ कठोर मापदण्ड नहीं है वर विद्यार्थी की उम्र, मन स्थिति व परिवेश को दृष्टिगत रखते हुए उसे अग्रज व दोस्त की तरह सलाह अनुशासित बनाती है।
इस अवसर पर विद्या भवन पॉलिटेक्निक के प्राचार्य अनिल मेहता ने कहा कि गुणवता विहीन तकनीकी संस्थाओं के बीच भी विद्या भवन पॉलिटेक्निक ने विगत 56 वर्षों से तकनीकी क्षैत्र में विशिष्ठ गुणवता बना रखी है।
इस अवसर पर सर्वप्रथम सीनियर विद्यार्थियों द्वारा नव-प्रवेशित विद्यार्थियों के लिए स्वागत नृत्य प्रस्तुत किया गया। इसके पश्चात नव आगंतुक विद्यार्थियों मयुर यादवेन्द्र, रंजना, अंजलि जोशी, शिक्षा दशोरा एवं ग्रुप ने रंगारंग प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया।
धन्यवाद इलेक्ट्रॉनिक विभाग के विभागाध्यक्ष दीपक गुप्ता द्वारा किया गया।
