लसाडि़या में ब्रॉडबैंड नहीं होने से महानरेगा पर असर
जि़ले की लसाडि़या पंचायत समिति में ब्रॉडबैण्ड की सुविधा नहीं होने के कारण योजनाओं के क्रियान्वयन पर असर पड़ रहा है। इससे महानरेगा के काम सबसे ज़्यादा प्रभावित हो रहे हैं।

जि़ले की लसाडि़या पंचायत समिति में ब्रॉडबैण्ड की सुविधा नहीं होने के कारण योजनाओं के क्रियान्वयन पर असर पड़ रहा है। इससे महानरेगा के काम सबसे ज़्यादा प्रभावित हो रहे हैं।
विद्या भवन स्थानीय स्वशासन एवं उत्तरदायी नागरिकता संस्थान तथा लसाडि़या पंचायत समिति के संयुक्त तत्वावधान में आज लसाडि़या पंचायत समिति सभागार में हुए पंचायत मेले में जनप्रतिनिधियों ने स्वीकृतियों की धीमी रफ्तार पर सवाल किए तो अधिकारियों ने अपनी असमर्थता ज़ाहिर की।
खुले सत्र में पंचायती राज के जनप्रतिनिधियों ने महानरेगा के काम स्वीकृत होने में विलम्ब की बात कही। इस पर विकास अधिकारी वीरेन्द्र जैन व सहायक अभियन्ता सुधीर माथुर ने बताया कि लसाडि़या में ब्रॉडबैण्ड की सुविधा नहीं होने से ऑनलाईन काम के लिए भीण्डर जाना पड़ता है। वहाँ भी इन्टरनेट सेवा सुचारू नहीं होने के कारण विलम्ब हो रहा है। महानरेगा का पखवाड़ा हर माह की 1 व 16 तारीख़ से शुरू होता है।
ऐसे में आवेदक अगले पखवाड़े के मद्देनज़र 10-12 दिन पहले काम का आवेदन करें, तो उन्हें नियत समय पर काम मिल जायेगा। महानरेगा में सी.सी. रोड का काम भी पुनः शुरू हो गया है। हैण्डपम्प दुरुस्ती में विलम्ब की शिकायत पर विकास अधिकारी ने जलदाय विभाग से चर्चा की बात कही।
विकास अधिकारी वीरेन्द्र जैन ने महानरेगा के सम्बन्ध में जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वह वार्षिक आयोजना में स्वीकृत कामों के लिए आवेदन करवायें, क्योंकि आयोजना में स्वीकृत कामों पर ही मज़दूर लगाये जाते हैं। साथ ही प्रशासन गाँवों के संग अभियान में पात्रजनों को विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलवायें। लसाडि़या पंचायत समिति में पेन्शन योजनाओं में लगभग शत-प्रतिशत उपलब्धि हासिल की गई है। आधार कार्ड पर जैन ने बताया कि केन्द्र सरकार के डेटाबेस में लसाडि़या को धरियावद में ही दर्शाया हुआ है, इसमें सुधार होते ही हर ग्राम पंचायत पर मशीनें लग जायेंगीं और आधार कार्ड बनने शुरू हो जायेंगे।
सहायक अभियन्ता सुधीर माथुर ने बताया कि गत वर्ष करीब 2275 मुख्यमन्त्री बी.पी.एल. आवास स्वीकृत हुए थे और इस वर्ष करीब 1500 का लक्ष्य है। उन्होंने अपना खेत-अपना काम, व्यक्तिगत शौचालय निर्माण आदि योजनाओं की जानकारी दी।
पूर्व विधायक गौतमलाल मीणा ने कहा कि जनप्रतिनिधियों को जानकारियाँ प्राप्त करनी चाहियें और जनता के हित में काम करना चाहिये। उन्होंने अधिकारियों से आग्रह किया कि वह जनप्रतिनिधियों द्वारा प्रस्तुत समस्याओं पर त्वरित कार्रवाई करें, जिससे जनता को सुविधा हो।
मेले के तहत महिला सम्मेलन में महिला जनप्रतिनिधियों ने पंचायतों में भागीदारी तथा काम में आने वाली समस्याओं पर चर्चा की।
प्रारम्भ में संस्थान की त्रैमासिक पत्रिकाओं ’पंचायत परिवार’ व ’महिला शक्ति’ में प्रकाशित सामग्री पर जनप्रतिनिधियों ने चर्चा की। पंचायत मेले का संचालन दुष्यन्त त्रिवेदी व महिला सम्मेलन का संचालन एकता कोठारी ने किया। संकाय सदस्य खेमराज शर्मा ने आभार व्यक्त करते हुए 21 जनवरी से बड़गाँव में पंचायती राज का चार दिवसीय प्रशिक्षण शुरू होने की जानकारी दी।