ओडिसी नृत्यांगना गुरू शुभदा के प्रकृति नर्तन से भाव विभोर हो उठे कला प्रेमी
कार्तिक पूर्णिमा के उपलक्ष्य में सोमवार शाम को माणक चौक में महाराणा मेवाड़ चेरिटेबल फाउण्डेशन उदयपुर के तत्वावधान में प्रसिद्ध ओडिसी नृत्यांगना गुरू सुब्दा वरदकर द्वारा ब्रह्मा की आराधना में नृत्य श्रृंखला प्रकृति नर्तन का भाव-विभोर प्रदर्शन किया गया। करीब 70 दशक बाद आकाश में दिखे भव्य चांद की अद्भुत चांदनी की किरणें जब ऐतिहासिक सिटी पैलेस के माणक चौक पर बिखरी तो एचआरएच ग्रुप ऑफ होटल्स उदयपुर द्वारा आयोजित इस कार्तिक पूर्णिमा महोत्सव को भी मानो चार चांद लग गए।

कार्तिक पूर्णिमा के उपलक्ष्य में सोमवार शाम को माणक चौक में महाराणा मेवाड़ चेरिटेबल फाउण्डेशन उदयपुर के तत्वावधान में प्रसिद्ध ओडिसी नृत्यांगना गुरू सुब्दा वरदकर द्वारा ब्रह्मा की आराधना में नृत्य श्रृंखला प्रकृति नर्तन का भाव-विभोर प्रदर्शन किया गया। करीब 70 दशक बाद आकाश में दिखे भव्य चांद की अद्भुत चांदनी की किरणें जब ऐतिहासिक सिटी पैलेस के माणक चौक पर बिखरी तो एचआरएच ग्रुप ऑफ होटल्स उदयपुर द्वारा आयोजित इस कार्तिक पूर्णिमा महोत्सव को भी मानो चार चांद लग गए।
एचआरएच ग्रुप ऑफ होटल्स उदयपुर के जनरल मैनेजर ग्रुप ऑपरेशन आदित्यवीर सिंह ने बताया कि कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर पूज्य भगवान ब्रह्मा जो कि सृष्टि के रचयिता है एवं उनके आशीर्वाद से सृष्टि का मंचन है। इस शुभ घड़ी को जीवंत विरासत संरक्षण एवं अतिथि देवो भव: के सिद्धांत पर कार्य कर रहे एचआरएच ग्रुप ऑफ होटल्स ने रीगल फेस्टिवल, कार्तिक पूर्णिमा के तहत प्रकृति नर्तन का आयोजन किया गया।
इस भव्य महोत्सव का शुभारंभ लेक पैलेस होटल्स एवं मोटल्स उदयपुर के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्रीजी अरविन्द सिंह मेवाड़ ने दीप प्रज्वलित कर किया। उन्होंने इस अवसर पर एचआरएच द्वारा जीवंत विरासत के क्षेत्र में विश्वभर में किए जा रहे कार्यों की जानकारी देते हुए शुभकामनाएं अर्पित की।
महोत्सव की मुख्य कलाकार ओडिसा की प्रसिद्ध कलाकार गुरू शुभदा वरदकर ने अपने साथी कलाकारों के साथ भारतीय शास्त्रीय नृत्य की ओडिसा शैली में प्रकृति नर्तन की श्रृंखला प्रस्तुत की। प्रकृति की 6 ऋतुओं, ग्रीष्म ऋतु, वर्षा ऋतु, शरद ऋतु, हेमंत ऋतु, शिशिर ऋतु, बसंत ऋतु को प्रकृति और मनुष्य के बीच अंतर्मन के बेहद ही भाव भंगिमाओं की पूर्ण अदाओं में प्रस्तुत किया। इनके साथ ओडिसी नृत्य एवं वादन में मिताली वरदकर, श्रेया साबरवाल, अत्रीय चौधरी, अनाया ए श्रींगरपुर, सुष्मना बिलोरे एवं ध्रुवी हयन ने संगत की। कार्यक्रम की संयोजक मुंबई की नीरू साबरवाल थी।
कार्यक्रम में फाउण्डेशन के ट्रस्टी लक्ष्यराज सिंह मेवाड़, देशी एवं विदेशी मेहमानों सहित नगर के गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। समारोह का संचालन मोहिता दीक्षित ने किया। अंत में सभी कलाकारों को पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मानित किया गया।

