बिना कोचिंग ChatGPT की मदद से पास की BPSC परीक्षा, पहले अटेम्प्ट में बनी अफसर
Udaipur Times, Success Story Shruti Jha : BPSC 70वीं परीक्षा का रिजल्ट जारी हो चुका है। रिजल्ट के सामने आते ही बिहार भर से कई ऐसी प्ररेणात्मक कहानियां सामने आयी है। इनमें से ही एक कहानी हम आपके सामने पेश कर करने जा रहे हैं। ये कहानी है दरभंगा जिले के करजापट्टी गांव की रहने वाली श्रुति झा की। श्रुति ने पहले ही प्रयास में BPSC 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा पास कर 1011वीं रैंक हासिल की और रेवेन्यू ऑफिसर बनने का सपना पूरा कर लिया।
श्रुति की शुरुआती पढ़ाई पटना के कृष्णा निकेतन स्कूल से हुई। इसके बाद उन्होंने आईएसएम पटना से बीसीए की पढ़ाई की, जो वर्ष 2024 में पूरी हुई। उनके पिता रंजीत कुमार झा रेलवे में टेक्नीशियन हैं। परिवार चाहता था कि श्रुति डॉक्टर बनें, लेकिन उन्होंने शुरू से ही सिविल सेवा में जाने का लक्ष्य तय कर लिया था।
डिफेंस में नहीं मिली सफलता, फिर भी नहीं मानी हार
कॉलेज के अंतिम वर्ष में श्रुति ने CDS और AFCAT जैसी डिफेंस परीक्षाएं भी दीं। दोनों परीक्षाएं उन्होंने पहले ही प्रयास में पास कर लीं और SSB इंटरव्यू तक पहुंचीं। हालांकि, इंटरव्यू में उन्हें कई बार असफलता का सामना करना पड़ा। इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और पूरी मेहनत के साथ BPSC की तैयारी शुरू कर दी।
बिना कोचिंग हासिल की सफलता
श्रुति ने किसी भी कोचिंग संस्थान में दाखिला नहीं लिया। उन्होंने स्टैंडर्ड किताबों, पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों और यूट्यूब पर उपलब्ध शैक्षणिक वीडियो की मदद से सेल्फ स्टडी की। नियमित अभ्यास और सही रणनीति के दम पर उन्होंने पहली ही कोशिश में परीक्षा पास कर ली।
ChatGPT भी बना तैयारी का साथी
तैयारी के दौरान श्रुति ने ChatGPT जैसे AI टूल का भी इस्तेमाल किया। उन्होंने कठिन विषयों को समझने, उत्तर लेखन में सुधार करने, अभ्यास प्रश्न तैयार करने और पढ़ाई से जुड़े सवालों के समाधान के लिए ChatGPT की मदद ली। उनका मानना है कि सही तरीके से इस्तेमाल करने पर AI पढ़ाई को और आसान बना सकता है।
परिवार का मिला पूरा सहयोग
श्रुति अपनी सफलता का श्रेय अपने परिवार को देती हैं। उनकी मां गुड्डू झा ने घर की सभी जिम्मेदारियां संभालीं ताकि बेटी बिना किसी चिंता के पढ़ाई कर सके। वहीं पिता ने हर कदम पर उनका हौसला बढ़ाया और भाई ने भी मुश्किल समय में उनका आत्मविश्वास बनाए रखा। परिवार के सहयोग और अपनी मेहनत के दम पर श्रुति ने पहले ही प्रयास में BPSC परीक्षा पास कर रेवेन्यू ऑफिसर बनने का सपना साकार कर लिया।
