पुलिस ने दिए सिम कार्ड डेटाबेस उपलब्ध करने के निर्देश

पिछले दिनों पुलिस कार्यवाही के दौरान पकडे गए 2500 फर्जी सिम कार्ड के चलते आज पुलिस अधीक्षक हरी प्रसाद शर्मा ने मोबाइल कम्पनियों के जोनल हेड और डीलर्स की मीटिंग बुलाई और निर्देश दिए की 8 नवम्बर तक पुलिस को सिम कार्ड्स के डाटा उपलब्ध कराएं, ख़ास कर वो जिन्होंने एक ही नाम से कई […]

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पिछले दिनों पुलिस कार्यवाही के दौरान पकडे गए 2500 फर्जी सिम कार्ड के चलते आज पुलिस अधीक्षक हरी प्रसाद शर्मा ने मोबाइल कम्पनियों के जोनल हेड और डीलर्स की मीटिंग बुलाई और निर्देश दिए की 8 नवम्बर तक पुलिस को सिम कार्ड्स के डाटा उपलब्ध कराएं, ख़ास कर वो जिन्होंने एक ही नाम से कई सिम कार्ड्स ख़रीदे हैं । साथ ही उदयपुर टेलिकॉम एसोसिएशन ने कल २७ अक्टूबर को एक दिन का बंद रखने का निर्णय लिया है, कल शहर के सारे सिम कार्ड्स विक्रेता अपना काम बंद रखेंगे ।

आज दोपहर हुई बैठक में, एस.पी. हरी प्रसाद शर्मा ने मोबाइल कम्पनियों के प्रतिनिधियों से विचार विमर्श किया और आग्रह किया कि वे अपने नियमों को और कड़ा करें ताकि फर्जी सिम इस्तेमाल करने और बेचने वालों पर लगाम लग सके । शर्मा ने निर्देश दिए कि कंपनियां पुलिस को अगले महीने कि 8 तारीख तक सिम कार्ड्स का डेटाबेस उपलब्ध कराएं, ख़ास कर उन ग्राहकों के जिन्होंने एक ही नाम से कई सिम ले रखे है ।

उल्लेखनीय है कि 13 अक्टूबर को तीन लोगों को 2500 फर्जी सिम के साथ हिरण मगरी पुलिस ने गिरफ्तार किया था, पुलिस के अनुसार ये लोग एक ही नाम की कई सिम बेचते थे ।

उदयपुर टेलिकॉम एसोसिएशन के अध्यक्ष राजीव मेहता ने बताया कि फर्जी सिम भंडाफोड़ पर मोबाइल कम्पनियां सीधे विक्रेताओं को ज़िम्मेदार ठहराती है और इसी के चलते हम आज एस.पी. साहब से मिले और अपनी बात रखी, और कल सारे विक्रेता अपना काम बंद रखेंगे ।

नियमों को कड़े करने के लिए एस.पी. हरी प्रसाद शर्मा ने कई सुझाव दिए जिसमे अंगूठे कि छाप लगाना अनिवार्य होना चाहिए ताकि किसी एक व्यक्ति के नाम से एक से ज्यादा सिम इशू न हो सके ।

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