7 साल बाद लौटेगा पराग दूध ! यहां शुरू हुआ नया डेयरी प्लांट, लोगों को मिलेगा ये बड़ा फायदा
Udaipur Times, Parag Milk Plant : कानपुर का मशहूर पराग मिल्क ब्रांड एक बार फिर बाजार में वापसी करने जा रहा है। लंबे समय से बंद पड़ा पराग दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ का अत्याधुनिक प्लांट अब दोबारा शुरू हो गया है। राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) ने मदर डेयरी ब्रांड के तहत प्लांट का संचालन शुरू कर दिया है। जल्द ही इसका औपचारिक उद्घाटन भी किया जाएगा।
रोज 1.5 लाख लीटर दूध की हो रही प्रोसेसिंग
प्लांट हेड विनय प्रताप सिंह के मुताबिक, फिलहाल प्लांट में रोजाना 1.5 लाख लीटर दूध की प्रोसेसिंग की जा रही है। इसकी अधिकतम क्षमता 4 लाख लीटर प्रतिदिन है। उम्मीद है कि अक्टूबर-नवंबर तक प्लांट पूरी क्षमता के साथ काम करने लगेगा।
80 हजार किसानों को मिलेगा लाभ
इस प्लांट से कानपुर नगर, कानपुर देहात, फर्रुखाबाद, कन्नौज, इटावा और औरैया के करीब 80 हजार दुग्ध उत्पादक किसानों से दूध खरीदा जाएगा। इससे किसानों को अपने दूध की बेहतर बिक्री और नियमित आय का अवसर मिलेगा।
150 लोगों को मिलेगा रोजगार
पूरी तरह ऑटोमैटिक इस प्लांट में 150 लोगों को रोजगार मिलेगा। यहां दूध के अलावा 8 टन घी, 1 टन पनीर और 20 टन मिल्क पाउडर बनाने की क्षमता भी है।
2019 से बंद था प्लांट
निराला नगर स्थित यह आधुनिक प्लांट वर्ष 2019 में बनकर तैयार हो गया था, लेकिन विभिन्न कारणों से इसका संचालन शुरू नहीं हो पाया। इसके चलते पराग ब्रांड के दूध और अन्य डेयरी उत्पाद भी बाजार से गायब हो गए थे।
10 साल के लिए NDDB को सौंपी जिम्मेदारी
उत्तर प्रदेश सरकार ने पराग डेयरी के संचालन के लिए राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) के साथ 10 साल का समझौता किया है। पिछले 7-8 महीनों में मशीनों की मरम्मत के बाद 1 जून से दूध की प्रोसेसिंग शुरू कर दी गई है। अब इस प्लांट से पराग और मदर डेयरी दोनों ब्रांड के उत्पाद बाजार में उपलब्ध होंगे।
