प्रसन्न सागर महाराज सम्मानित
गत 186 दिनों अखण्ड मौन रहते हुए 153 दिनों की उपवास की कठोर साधनरत डॉ. मुनि 108 प्रसन्न सागर महाराज द्वारा निष्क्रीड़ित व्रत कर रहे हैं। उदयपुर से गये श्रावकों के दल के अजय जैन ने बताया कि जयपुर के पदमपुरा चल रहे नेशनल बुक फेस्टीवल में उनकी कृति सच है मित्र को ग्लोबल बुक ऑफ रिकॉर्ड की ओर से सम्मानित किया गया।
गत 186 दिनों अखण्ड मौन रहते हुए 153 दिनों की उपवास की कठोर साधनरत डॉ. मुनि 108 प्रसन्न सागर महाराज द्वारा निष्क्रीड़ित व्रत कर रहे हैं। उदयपुर से गये श्रावकों के दल के अजय जैन ने बताया कि जयपुर के पदमपुरा चल रहे नेशनल बुक फेस्टीवल में उनकी कृति सच है मित्र को ग्लोबल बुक ऑफ रिकॉर्ड की ओर से सम्मानित किया गया।
इस सम्मान से पूरे दिगम्बर जैन समाज में हर्ष व्याप्त है। जैन ने बताया कि मुनिश्री द्वारा लिखी गयी पुस्तकें लिखा सो लिखा, सच है मित्र, भीतर का सच एवं द वर्ल्डस बिग्गेस्ट राखी ऑफ ह्यूमन प्रोटेक्शन काफी चर्चित रही है। यह मेला रविवार को सम्पन्न होगा।