​Udaipur News: कुलपति के नियम-विरुद्ध सेवा विस्तार के खिलाफ विद्यापीठ कार्यकर्ताओं का डबोक परिसर में अनिश्चितकालीन धरना

​'भंवर गुर्जर हटाओ, विद्यापीठ बचाओ' के नारों से गूंजा परिसर; वर्ष 2012 से अब तक के कार्यकाल की SOG जांच कराने की उठी मांग 
 | 
राजस्थान विद्यापीठ के कार्यकर्ताओं और कर्मचारी संघ का धरना!

​उदयपुर, June 5, 2026 | Udaipur Local News:  जनार्दन राय नागर राजस्थान विद्यापीठ (JRNRV) के सजग कार्यकर्ताओं और कुल कर्मचारी संघ द्वारा प्रशासन की कथित तानाशाही, पारदर्शिता की कमी और कार्यकर्ताओं के हितों की अनदेखी के खिलाफ डबोक परिसर में अनिश्चितकालीन धरना और आंदोलन शुरू कर दिया गया है। आंदोलनकारियों ने स्पष्ट रूप से नारा दिया है— "भंवर गुर्जर हटाओ, विद्यापीठ बचाओ!" Udaipur News

बिना नियमों के गुपचुप तरीके से बढ़ाया कार्यकाल

कर्मचारी संघ के नेताओं और कार्यकर्ताओं का आरोप है कि कार्यकर्ताओं द्वारा नियम-विरुद्ध कुलपति का कार्यकाल न बढ़ाने के लिए पूर्व में कुलाधिपति महोदय को स्पष्ट रूप से तथ्यों के साथ ज्ञापन सौंपा गया था। इसके बावजूद, संपूर्ण विरोध और तथ्यों को दरकिनार करते हुए, बिना किसी स्पष्ट नियम व पारदर्शिता के कुलपति का कार्यकाल चुपचाप 1 वर्ष के लिए और बढ़ा दिया गया। प्रशासन के पास इस मनमाने निर्णय और 'नियम' का कोई जवाब नहीं है, जो विद्यापीठ की स्थापित परंपराओं और लोकतांत्रिक मूल्यों का सीधा अपमान है। Rajasthan Updates

​वर्ष 2012 से अब तक के कार्यकाल की SOG जांच की मांग

आंदोलनकारियों ने इस बार आर-पार की लड़ाई का ऐलान करते हुए सरकार और प्रशासन के सामने 8 सूत्रीय न्यायसंगत मांगें रखी हैं। इसमें सबसे प्रमुख मांग यह है कि भंवर लाल गुर्जर के वर्ष 2012 से लेकर अब तक के लंबे कुल प्रमुख कार्यकाल के दौरान हुए सभी प्रशासनिक व वित्तीय निर्णयों, नियुक्तियों और कथित गड़बड़ियों की SOG (Special Operations Group) से निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच कराई जाए। Udaipur Education News Rajasthan Education news

कर्मचारियों के हक की 8 मुख्य मांगें

धरना स्थल पर मौजूद वक्ताओं ने कहा कि यह लड़ाई केवल एक प्रशासनिक पद के खिलाफ नहीं, बल्कि वर्षों से शोषित मंत्रालयिक और अनुबंधित कर्मचारियों के अधिकारों की रक्षा की है। आंदोलनकारियों की मुख्य मांगें निम्नलिखित हैं:

  • कुल प्रमुख के कार्यकाल की SOG जांच: वर्ष 2012 से अब तक के कार्यकाल की वित्तीय और प्रशासनिक जांच SOG से हो।
  • कुलपति का नियम-विरुद्ध बढ़ाया गया 1 वर्ष का​ अवैध कार्यकाल विस्तार तुरंत रद्द किया जाए।
  • ​EPF का पारदर्शी ऑनलाइन खाता: सभी कार्यकर्ताओं की कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) का व्यक्तिगत खाता तुरंत ऑनलाइन कर सार्वजनिक किया जाए।
  • ​9, 18, 27 वर्षीय लाभ का भुगतान: समस्त मंत्रालयिक कार्यकर्ताओं को उनके सेवाकाल के आधार पर वित्तीय लाभ (एसीपी/पदोन्नति) एरियर सहित तुरंत दिए जाएं।
  • ​राज्य सरकार के नियमानुसार D.A.: सभी कार्यकर्ताओं को राज्य सरकार की वर्तमान दरों के अनुसार दैनिक भत्ता (D.A.) तत्काल लागू हो।
  • ​अनुबंधित कार्यकर्ताओं को नियमित वेतन: '5 + 2 नियम' के तहत अनुबंधित मंत्रालयिक कार्यकर्ताओं को नियमित वेतन श्रृंखला (Regular Pay Scale) मिले।
  • ​बकाया बोनस का भुगतान: विगत वर्षों से रुका हुआ संपूर्ण बकाया बोनस तुरंत जारी किया जाए।
  • ​अवैध नियुक्तियों व सेवा विस्तार पर रोक: 60 वर्ष की आयु पार कर चुके कार्यकर्ताओं को हटाया जाए और बैकडोर से की गई नियम-विरुद्ध नियुक्तियों व पदोन्नतियों को निरस्त किया जाए।

​जब तक मांगें पूरी नहीं, आंदोलन रहेगा जारी

कर्मचारी संघ ने भावुक अपील करते हुए कहा है कि संस्थान को चंद लोगों की मनमानी और भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ने से रोकना हर विद्यापीठ प्रेमी का कर्तव्य है। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि जब तक नियम-विरुद्ध कार्यकाल विस्तार को निरस्त नहीं किया जाता और ये सभी न्यायसंगत मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक डबोक परिसर में यह शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक आंदोलन निरंतर जारी रहेगा। Local News from Udaipur

Follow UdaipurTimes on Facebook , Instagram , and Google News