गिट्स में राजस्थान तकनीकी विवि द्वारा प्रायोजित मूक एण्ड डिजिटल कन्टेंट डवलपमेंट पर सेमिनार का आयोजन
गीतांजली इंस्टीट्यूट आॅफ टेक्निकल स्टड़ीज डबोक उदयपुर मे राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय द्वारा प्रायोजित मूक एण्ड डिजिटल कन्टेंट डवलपमेंट पर दो दिवसीय सेमिनार की शुरूआत हुई। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्जवलन से हुआ। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य 21वीं सदी में शिक्षकों व विद्यार्थियों के लिए एक प्लेटफोर्म तैयार करना हैं जहां विद्यार्थी केवल किताबी कीड़ा न बनकर अपितु इनोवेटिक बनें तथा एक दूसरे के साथ अपने इनोवेटिव आइडिया साझा कर सकें।

गीतांजली इंस्टीट्यूट आॅफ टेक्निकल स्टड़ीज डबोक उदयपुर मे राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय द्वारा प्रायोजित मूक एण्ड डिजिटल कन्टेंट डवलपमेंट पर दो दिवसीय सेमिनार की शुरूआत हुई। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्जवलन से हुआ। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य 21वीं सदी में शिक्षकों व विद्यार्थियों के लिए एक प्लेटफोर्म तैयार करना हैं जहां विद्यार्थी केवल किताबी कीड़ा न बनकर अपितु इनोवेटिक बनें तथा एक दूसरे के साथ अपने इनोवेटिव आइडिया साझा कर सकें।
संस्थान के निदेशक डाॅ. विकास मिश्र ने बताया कि इस सेमिनार में मुख्य अतिथि आरटीयू के इलेक्ट्रीकल इंजीनियरिंग विभागाध्यक्ष डाॅ. दिनेश बिड़ला (कन्वेनर, बोर्ड आॅफ स्टडीज), तकनीकी विशेषज्ञ डाॅ. दिनेश गुप्ता (वर्धमान महावीर ओपन विश्वविद्यालय, कोटा), डाॅ. श्रीराम पाण्डेय (आईआईटी-बीएचयू, उत्तरप्रदेश) तथा राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय टेक्नीकल एज्यूकेशन क्वालिटी इम्प्रूवमेंट प्रोग्राम (टेक्यूप) के काॅर्डिनेटर डाॅ. हरीश शर्मा तथा डाॅ. ब्रिजेश तिवारी ने शिरकत की। डाॅ दिनेश बिडला ने तकनीकी क्षेत्र में टेक्यूप के महत्व को समझाया। दिनेश गुप्ता ने इस प्रोग्राम के एप्लीकेशन तथा विभिन्न स्टेप्स पर चर्चा की तथा श्रीराम पाण्डेय ने डिजिटल कन्टेंट के लीगल व इल-लीगल डाउनलोड पर विस्तार पूर्वक ज्ञान साझा किया।
डाॅ. मिश्र ने कहा कि मूक का मतलब मेसिव ओपन आॅनलाइन कोर्स है जहां सब कुछ सिखने की आजादी हैं। जहां दुनिया भर के विद्यार्थियों के साथ विचार विमर्श कर सकते हैं क्योंकि तकनीकी क्षेत्र में दिन प्रतिदिन बदलाव हो रहे हैं। कार्यक्रम संचालक हेमन्त साहू ने बताया कि टेक्यूप बहुत बढ़े स्तर पर विद्यार्थियों तथा शिक्षकों के लिए कार्यक्रम चला रहा हैं। यह आॅनलाइन कोर्स प्रतिभागियों के लिए पूर्णतः फ्री हैं और आप इन्हे अपनी सुविधा और गति से पूरा कर सकते हैं यह एक ऐसा प्लेटफोर्म है जहां देश विदेश की प्रतिष्ठित लेब व इंस्टीट्यूट खुद चलकर आपके पास आती है। इसमें आप अपने डिजिटल कन्टेंट लोड कर सकते हैं तथा दूसरे विशेषज्ञों के डिजिटज कन्टेंट एक्सेस कर सकते है और अपने ज्ञान के भण्डार को बढ़ा सकते हैं।
इस कार्यक्रम में एमबीए डायरेक्टर डाॅ. पीके जैन, वित्त नियंत्रक बीएल जांगिड़ तथा अन्य काॅलेज के शिक्षकों ने सम्मिलित होकर इस कार्यक्रम का लाभ उठाया।