शिया दाउदी बोहरा समाज ने हज़रत अली का शहादत दिवस मनाया
पैगम्बर-ए-इस्लाम हज़रत मोहम्मद (स.अ.) के दामाद और आपके वसी अमीरुलमूमिनीन हज़रत अली (अ.स.) का शहादत दिवस आज मंगलवार को शिया दाउदी बोहरा समाज के अकीदतमन्दों ने निहायत अकीदत व अहतराम के साथ मनाया । माहे रमजान की 19वी तारीख को कुफा की मस्जिद में नमाज अदा करते हुए आपको शहीद किया गया था।
पैगम्बर-ए-इस्लाम हज़रत मोहम्मद (स.अ.) के दामाद और आपके वसी अमीरुलमूमिनीन हज़रत अली (अ.स.) का शहादत दिवस आज मंगलवार को शिया दाउदी बोहरा समाज के अकीदतमन्दों ने निहायत अकीदत व अहतराम के साथ मनाया । माहे रमजान की 19वी तारीख को कुफा की मस्जिद में नमाज अदा करते हुए आपको शहीद किया गया था।
समाज प्रवक्ता डा. बी.मूमिन ने बताया कि मंगलवार को अमीरुलमूमिनीन मौला अली की शहादत दिवस के अवसर पर स्थानीय फतहपुरा स्थित बुरहानी मस्जिद में भाई साहब अजीज भाइसाहब वजीरी, मोईयदपुरा मस्जिद में शेख काईद जौहर और सैफी हॉल में भाई साहब अली असगर भाई ने प्रातः 10-30 बजे वायज फरमाई । सभी मस्जिदों में वायज की शुरुआत कुरआन की तिलावत से हुई अमीरुलमूमिनीन मौला अली मुश्किलकुशा की शानात एवं फजीलतों का जिक्र किया गया। खास तौर से आपकी शहादत की घटनाओं का विस्तार के साथ जिक्र किया गया । मौला अली की शहादत के साथ साथ इमाम हुसेन एवं कर्बला के शहीदों को याद कर मातम मनाया गया ।
इस अवसर पर रुहानी पेशवा सैयदना मोहम्मद बुरहानुद्दीन साहब की सेवाओं को विशेष रुप से याद किया गया । वायज के अन्त में दुआये मांगी गई हिज हॉलीनेस डा. सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन साहब की उम्र दराजी व सेहतो आफियत के लिये एवं मुल्क में अमन चैन व खुशहाली की दुआयें मांगी गई। 53वे दाई-उल-मुतलक रुहानी पेशवा डा.सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन साहब की तरफ से सामूहिक इफतारी एवं नियाज का आयोजन किया गया।