GMCH में 90 वर्षीय वृद्ध महिला की देहदान की इच्छा को पुत्र ने किया पूरा

हमें जितनी विज्ञान की आवश्यकता है,उतनी ही विज्ञान को हमारी है

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body donate

उदयपुर 13 दिसंबर 2024। गीतांजली मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल, उदयपुर में श्रीमती सुमन भार्गव का देहदान किया गया। गीतांजली हॉस्पिटल इस महान कार्य और सेवा भावना को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की हैं।

आज गीतांजली मेडिकल कॉलेज में श्रीमती सुमन भार्गव पत्नी स्वर्गीय ओम प्रकाश भार्गव का मरणोपरांत, उनकी इच्छानुसार, देह-दान हुआ। उनका मानना था कि रीति-रिवाज़ों में सकारात्मक परिवर्तन होते रहने चाहियें। हमें जितनी विज्ञान की आवश्यकता है,उतनी ही विज्ञान को हमारी है। इन्हीं विचारों से प्रेरित हो कर उन्हों ने देह-दान की इच्छा व्यक्त की, जिसे कार्यान्वित करने में उनका परिवार अत्यंत गर्वान्वित है। उनके परिवार का कहना है कि उन्हों ने इच्छा तो अंग-दान की भी व्यक्त की थी, लेकिन डाक्टरों ने उनकी स्थिति के मद्देनज़र प्रत्यारोपण के लिए मना कर दिया।

उनके एक बेटे, अनुपम भार्गव, सेवानिवृत स्टेट बैंक अधिकारी हैं और दूसरे, कर्नल निरुपम भार्गव, सेवानिवृत सेना अधिकारी। उनकी बहू, डा. सुनीता भार्गव गीतांजली मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में प्रोफेसर हैं। 

देहदान प्रक्रिया के समय जीएमसीएच डीन डॉ संगीता गुप्ता, एडिशनल प्रिंसिपल डॉ मनजिंदर कौर, एनाटोमी विभागाध्यक्ष डॉ प्रकाश के.जी, डॉ मोनाली सोनवाने, डॉ सानिया के, डॉ सौरभ, डॉ संभव, डॉ शिवानी उपाध्याय मेनेजर ब्रांडिंग एंड पी.आर. कम्युनिकेशन हरलीन गंभीर, हॉस्पिटल के प्रबंधन, स्टाफ, विद्यार्थीगण और भार्गव समाज के सदस्य अच्छी संख्या में उपस्थित हुए।

इन सवालों को समझे देह दान कैसे कर सकते हैं और जरूरी क्यों है?

देह दान क्यों करना चाहिए?

विज्ञान की प्रगति के लिए मृत्यु पश्चात अपना शरीर दान करना एक अनूठा और अमूल्य उपहार है दान किए गए शरीर का उपयोग भविष्य के डॉक्टरों और नर्सों को पढ़ाने प्रशिक्षण देने सर्जन को प्रशिक्षित करने व वैज्ञानिक अनुसंधान करने के लिए किया जाता है। 

देह दान कौन कर सकता है?

कोई भी भारतीय नागरिक जो 18 वर्ष से अधिक आयु का है और कानूनी रूप से वैध सहमति देने योग्य है वह शरीर रचना में भाग एनाटॉमी जीएमसीएच उदयपुर में एक संपूर्ण शरीर दाता के रूप में पंजीकृत करा सकता है। यदि पंजीकृत ना हो तब भी मृतक के शरीर पर कानूनी अधिकार रखने वाले परिजन अभिभावक मृतक का शरीर दान कर सकते हैं। 

अधिक जानकारी हेतु किससे संख्या संपर्क कर सकते हैं?

अधिक जानकारी हेतु गीतांजलि मेडिकल कॉलेज के शरीर रचना विभाग में संपर्क कर सकते हैं। 

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